
जयपुर। राजस्थान की भजनलाल सरकार ने राज्य कर्मचारियों को केन्द्र की भांति दो फीसदी महंगाई भत्ता बढ़ाने का तोहफा दिया है। पिछले कुछ दिनों मीडिया में इस बात को लेकर चर्चा हो रही थी कि भजनलाल सरकार केन्द्र की भांति अपने राज्य के कर्मचारियों का डीए बढ़ा सकती है। कहा जा रहा था कि यह घोषणा रामनवमी तक होने की आशा है, लेकिन मुख्यमंत्री भजनलाल ने इसे रामनवमी से पहले ही घोषित कर दिया।
राज्य कर्मचारियों और पेंशनर्स को 1 जनवरी 2025 से 55 प्रतिशत महंगाई भत्ता, महंगाई राहत मिलेगा। यह निर्णय लगभग 8 लाख कर्मचारियों और 4.40 लाख पेंशनर्स को लाभांवित करेगा।
सीएम भजनलाल शर्मा ने मंगलवार को सोशल मीडिया पर बताया कि नव वर्ष विक्रम संवत (2082) एवं नवीन वित्तीय वर्ष 2025-26 के विशेष उपलक्ष्य पर हमारी सरकार ने सातवें वेतनमान के तहत राज्य कर्मचारियों एवं पेंशनर्स के महंगाई भत्ते में 2 प्रतिशत की वृद्धि को मंजूरी दी है।
सीएम ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि नव वर्ष विक्रम संवत (2082) एवं नए वित्तीय वर्ष 2025-26 के विशेष उपलक्ष्य पर सरकार ने सातवें वेतनमान के तहत राज्य कर्मचारियों, पेंशनर्स के महंगाई भत्ते में दो प्रतिशत की वृद्धि को स्वीकृति दी है। इसके फलस्वरूप राज्य कर्मचारियों एवं पेंशनर्स को 1 जनवरी 2025 से 55 प्रतिशत महंगाई भत्ता देय होगी। हमारी सरकार राज्य के समस्त कर्मचारियों और पेंशनर्स के कल्याण और उनके जीवन स्तर में सतत सुधार के लिए प्रतिबद्ध है।
55 प्रतिशत महंगाई भत्ता एवं महंगाई राहत देय होगीराजस्थान सरकार के इस निर्णय के फलस्वरूप राज्य कर्मचारियों एवं पेंशनर्स को गत एक जनवरी से 55 प्रतिशत महंगाई भत्ता एवं महंगाई राहत देय होगी। यह निर्णय लगभग आठ लाख कर्मचारियों एवं 4.40 लाख पेंशनर्स को लाभान्वित करेगा। 2 माह का DA कर्मचारियों के जीपीएफ खाते में जमा किया जाएगा। अप्रैल से बढ़े हुए डीए का नकद भुगतान होगा।
खुशी से झूमे कर्मचारीराजस्थान राज्य कर्मचारी महासंघ एकीकृत के प्रदेश अध्यक्ष गजेंद्र सिंह राठौड़ ने इस फैसले पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि केंद्र के बाद अब राज्य सरकार ने भी कर्मचारियों का महंगाई भत्ता बढ़ा दिया। कर्मचारी हमेशा सरकार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम कर रहे हैं। सरकार कर्मचारी हित में फैसला लेती है तो इससे कार्मिकों का मनोबल बढ़ता है। सरकार की कल्याणकारी योजनाओं को आमजन तक पहुंचने में कर्मचारियों की भूमिका अहम होती है। कर्मचारी भी सरकार के साथ प्रतिबद्धता के साथ काम करेंगे। सरकार के फैसले से राज्य के 8 लाख कर्मचारियों और साढ़े चार लाख से अधिक पेंशनर्स को लाभ मिलेगा।