लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी शिक्षा व्यवस्था, पेपर लीक और युवाओं के रोजगार जैसे मुद्दों पर लगातार केंद्र सरकार को घेर रहे हैं। बिहार की बांकीपुर और मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनाव में भाजपा को मिली हार के बाद राहुल गांधी ने एक बार फिर सोशल मीडिया के जरिए सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने अपने संदेश में लिखा, रोजगार नहीं मिलेगा तो सत्ता का सिंहासन हिलेगा। इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस के देशव्यापी अभियान 'छात्रों की गूंज' के अगले चरण की भी जानकारी साझा की।
प्रयागराज में होगा अभियान का अगला पड़ावअपने सोशल मीडिया पोस्ट में राहुल गांधी ने कहा कि कोटा और देहरादून के बाद अब कांग्रेस का 'छात्रों की गूंज' अभियान प्रयागराज पहुंचेगा। उन्होंने कहा कि यह शहर वर्षों से लाखों प्रतियोगी छात्रों की मेहनत और संघर्ष का गवाह रहा है। यहां युवा लगातार प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं, आवेदन भरते हैं, फीस जमा करते हैं और भर्ती प्रक्रियाओं के पूरा होने का इंतजार करते रहते हैं।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि पेपर लीक की घटनाओं ने छात्रों का वर्तमान प्रभावित किया है, जबकि लंबित भर्ती प्रक्रियाओं ने उनके भविष्य को अनिश्चित बना दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि हाल ही में दिल्ली में अपने अधिकारों की मांग कर रहे छात्रों के खिलाफ बल प्रयोग किया गया, जिसे लेकर उन्होंने सरकार की आलोचना की।
'इंसाफ मिलने तक आवाज उठाते रहेंगे'राहुल गांधी ने अपने संदेश में कहा कि कांग्रेस छात्रों और युवाओं की आवाज लगातार उठाती रहेगी और उनके अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रखेगी। उन्होंने सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग करते हुए कहा कि अब बहानों का दौर खत्म होना चाहिए। उन्होंने लिखा कि यदि सरकार जवाब नहीं दे सकती, तो उसे जिम्मेदारी स्वीकार करनी चाहिए। साथ ही उन्होंने युवाओं से 8 अगस्त को प्रयागराज में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में शामिल होने की अपील भी की।
क्या है 'छात्रों की गूंज' अभियान?कांग्रेस ने परीक्षा प्रणाली, भर्ती में देरी और युवाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर देशभर में 'छात्रों की गूंज' नाम से विशेष अभियान शुरू किया है। कोटा और देहरादून में कार्यक्रम आयोजित किए जाने के बाद अब इसका अगला आयोजन 8 अगस्त को प्रयागराज में होगा।
करीब 40 दिनों तक चलने वाले इस अभियान के तहत देश के 28 प्रमुख शहरों में कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कांग्रेस का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य पेपर लीक, सरकारी भर्तियों में देरी और राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) के कामकाज जैसे मुद्दों पर छात्रों, प्रतियोगी परीक्षा अभ्यर्थियों और युवाओं को एक साझा मंच उपलब्ध कराना है।
उपचुनाव नतीजों के बाद तेज हुई राजनीतिक बयानबाजीराहुल गांधी का यह बयान ऐसे समय आया है, जब बिहार और मध्य प्रदेश के उपचुनाव परिणामों ने राजनीतिक माहौल गर्मा दिया है। बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट पर जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने भाजपा उम्मीदवार नीरज कुमार सिन्हा को 18,953 मतों के अंतर से हराया। यह सीट भाजपा नेता नितिन नवीन के राज्यसभा सदस्य बनने के बाद खाली हुई थी।
वहीं मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट पर कांग्रेस उम्मीदवार घनश्याम सिंह ने भाजपा के आशुतोष तिवारी को 6,016 वोटों से पराजित किया। इस सीट पर कुल 21 उम्मीदवार चुनाव मैदान में थे। दोनों राज्यों के उपचुनाव परिणामों के बाद राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप और बयानबाजी का दौर तेज हो गया है।