NEET-UG 2006 पेपर लीक मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को बड़ी सफलता हाथ लगी है। एजेंसी ने परीक्षा से पहले फिजिक्स विषय के प्रश्न लीक करने के आरोप में एक महिला को गिरफ्तार किया है, जिसे इस पूरे नेटवर्क की मास्टरमाइंड माना जा रहा है। आरोपी की पहचान मनीषा संजय हवालदार के रूप में हुई है, जिसे पुणे से दबोचा गया। जानकारी के अनुसार, वह पुणे स्थित सेठ हीरालाल सराफ प्रशाला में कार्यरत थी और उसे नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा परीक्षा संचालन से जुड़े विशेषज्ञ के रूप में नियुक्त किया गया था।
जांच में सामने आया है कि मनीषा संजय हवालदार को परीक्षा से जुड़े फिजिक्स प्रश्नपत्र तक पहले से पहुंच प्राप्त थी, जिसका उसने कथित रूप से दुरुपयोग किया। आरोप है कि उसने परीक्षा से पहले कुछ महत्वपूर्ण प्रश्नों को बाहर लीक किया। CBI को संदेह है कि इस पूरे मामले में उसकी भूमिका अकेले की नहीं थी, बल्कि वह पहले से गिरफ्तार हो चुकी आरोपी मनीषा मठारे के साथ मिलकर इस अवैध गतिविधि को अंजाम दे रही थी। जांच एजेंसियों ने लीक हुए प्रश्नों और वास्तविक परीक्षा पत्र का मिलान किया, जिसमें कई सवालों की समानता पाई गई।
गिरफ्तारी के बाद बढ़ी आरोपियों की संख्याइस गिरफ्तारी के बाद NEET पेपर लीक केस में पकड़े गए आरोपियों की कुल संख्या बढ़कर 11 हो गई है। जांच एजेंसियों के अनुसार अब तक इस मामले में दिल्ली, जयपुर, गुरुग्राम, नासिक, पुणे, लातूर और अहिल्यानगर जैसे विभिन्न शहरों से आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
फिलहाल CBI इस पूरे प्रकरण की गहराई से जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश में है कि यह लीक सिर्फ कुछ लोगों तक सीमित था या इसके पीछे कोई बड़ा संगठित रैकेट सक्रिय है, जो परीक्षा प्रणाली को प्रभावित करने में शामिल रहा है।