बच्चों के जीवन को बदल देती हैं किताबें, जानें इनसे मिलने वाले फायदे

किताब पढ़ना हर किसी को पसंद नहीं होता हैं और कई लोगों को इससे बोरियत महसूस होती हैं। लेकिन किताबों को सबसे अच्छा दोस्त माना जाता हैं जिनसे आपको बहुत जानकारी मिलती हैं। ऐसे में जरूरी हैं कि बचपन से ही किताब पढ़ने की आदत विकसित की जाए। बच्चों में किताब पढ़ने की आदत उनका पूरा जीवन बदल सकती हैं। यह जानकर आपको हैरानी होगी कि किताब पढ़ने से बच्चो का सिर्फ दिमाग ही तेज नहीं होता बल्कि उनके शरीर को भी बहुत लाभ पहुंचेगा। ऐसे में कोशिश की जानी चाहिए कि बच्चों को किताबों के प्रति प्रोत्साहित किया जाए। आज इस कड़ी में हम आपको बताने जा रहे हैं कि किस तरह किताबें बच्चों को फायदा पहुंचाने का काम करती हैं। आइये जानें इसके बारे में...

लेखन क्षमता होगी मजबूत

एक मजबूत शब्दावली होने से आप व्यक्तिगत और पेशेवर दोनों तरह से अपनी लेखन क्षमता को मजबूत कर सकते हैं। यह लेखकों को सकारात्मक रहने और अपने विचारों को अधिक स्पष्ट रूप से व्यक्त करने के लिए प्रेरित करता है। पढ़ना विभिन्न लेखकों के दृष्टिकोण को समझने के लिए एक आदत विकसित करने में हमारी मदद करता है जो अपने आप से चीजों के बारे में लिखने में मदद करता है। विषय वस्तु को समझना और हमारी स्मृति को बनाए रखने की अनुमति देना बहुत महत्वपूर्ण है।

नींद लाए अच्छी

आपने अक्सर लोगों से सुना होगा कि जब नींद ना आए तो अपनी किताब खोल लो, तुरंत नींद आ जाएगी। यह लोग मजाक में भले बोलते होंगे लेकिन वाकई किताब पढ़ने से आपको अच्छी नींद आएगी, क्योंकि इससे आपके दिमाग की नसें शांत हो जाती हैं और सपने भी मीठे आते हैं।

कम्युनिकेशन स्किल बनाए बेहतर

बच्चों में यदि आप किताबें पढ़ने में रुचि विकसित करेंगे तो उनकी कम्युनिकेशन स्किल बेहतर होती जाएगी। किताबें पढ़ने से भाषा के ज्ञान के साथ ही गहराई के शब्द सीखने में मदद मिलती है। इसके अलावा किताबें पढ़ने वाले बच्चों में बड़ों से बात करने की झिझक भी दूर होती है।

दिमाग मजबूत होता है

किताबें पढ़ने को लेकर कई तरह के शोध हो चुके हैं। एक शोध के मुताबिक जब कोई किताबें पढ़ता है, तो इससे उसका मानसिक विकास होता है। एमआरआई स्कैन का उपयोग करते हुए, शोधकर्ताओं ने पुष्टि की है कि पढ़ने में मस्तिष्क में सर्किट और संकेतों का एक जटिल नेटवर्क शामिल है। जैसे-जैसे आपकी पढ़ने की क्षमता बेहतर होती है, वह नेटवर्क भी मजबूत और अधिक क्लीयर होते जाते हैं। अगर आप चाहते हैं कि आपका बच्चा भी बड़े होकर समझदार बने, तो उसे किताबें पढ़कर जरूर सुनाइए।

तनाव मिटाने में लाभकारी

इस भाग-दौड़ भरी जिंदगी में बच्चे भी आए दिन तनाव और डिप्रेशन का शिकार हो रहे हैं। ऐसे में सिर्फ किताब की मदद से ही आप इस मुसीबत से छुटकारा पा सकते हैं। बता दें कि किताब पढ़ने से बच्चों को ध्यान लगाने में मदद मिलेगी और आपका शरीर भी शांत रहेगा। जब दिमाग पढ़ने में व्यस्त रहेगा तब बच्चे इधर-उधर की फालतु बातें सोचना भूल जाएंगे।

संवेदनशील बनते है बच्चे

किताबें पढ़ने से बच्चों की संवेदना बढ़ती है। कहानियों में दिए पात्रों और घटनाओं को पढ़ने के दौरान बच्चे उनके साथ सहानुभूति महसूस करते है। जिससे वे संवेदनशील बनते है।

एकाग्रता बढ़ती है

बच्चों की रोजाना किताबें पढ़कर सुनाने से एक और बेहतरीन फायदा यह होता है कि बच्चों की एकाग्रता बढ़ती है। साथ ही वे अनुशासित यानी डिसिप्लीन में रहना भी सीखते हैं। बतौर पेरेंट्स आपने महसूस किया होगा कि बहुत छोटे बच्चे बहुत कम समय के लिए एकाग्रता बना सकते हैं। उन्हें लंबे समय के लिए ध्यान केंद्रित करने में मुश्किलें आती हैं। लेकिन जब आप अपने बच्चों को नियमित रूप से किताबें पढ़कर सुनाते हैं, तो इससे उनके व्यवहार में बदलाव होते हैं। वे स्वभाव से सकारात्मक हो जाते हैं और किताबें में रुचि होने की वजह से डिसीप्लीन में रहना सीख लेते हैं। इससे उनकी याद्दाश्त भी तेज होती है।