खांसी : देती है जबरदस्त तकलीफ, ये घरेलू नुस्खे आजमाकर जल्द से जल्द पाएं आराम

खासी ठीक करने के कई घरेलू उपाय हैं। ये उपाय करने से तुरंत आराम मिलता है। लेकिन खांसी का इलाज घरेलू नुस्खे से करने के पहले आइए जानते हैं कि खांसी क्यों होती है। खांसी कितने प्रकार की होती हैं। खांसी दो प्रकार की होती है।
- सूखी खांसी
- कफ वाली खांसी
सूखी खांसी नई होती है एवं कठिनाई से थोड़ा-थोड़ा थूक आता है तथा कफ वाली तर एवं जरा सा खांसने से ही कफ निकलता है। पुरानी खांसी में प्रायः कफ होता है।


हमें खांसी क्यों आती है?

जुकाम होना खांसी होने का प्रमुख कारण है। हमारी सांस की नली में बहुत महीन रेशे होते हैं। जब जुकाम बढ़ जाता है। कफ या बलगम गले में आने लगता है। इन रेशों पर कफ आने से हमें परेशानी होती है। इसी कफ को निकलने के लिए खांसी आती है।


खांसी का इलाज घरेलू नुस्खे द्वारा

- भुनी हुई फिटकरी 10 ग्राम और देशी खांड 100 ग्राम दोनों को बारीक पीसकर आपस में मिला लें और बराबर मात्रा में चौदह पुड़िया बना लें। सूखी या जिद्दी खांसी के इलाज में 125 ग्राम दूध के साथ एक पुड़िया नित्य सोते समय लें। गीली खांसी में 125 ग्राम गर्म पानी के साथ एक पुड़िया नित्य सोते समय लें।

- बलगमी खांसी हो तो अदरक का रस और शहद, बराबर मात्रा में मिलाकर एक-एक चम्मच की मात्रा से मामूली गर्म करके दिन में तीन-चार बार चाटने से तीन-चार दिन में ही कफ-खांसी ठीक हो जाती है। बच्चों को दिन में दो-तीन बार एक-दो उंगली ही चटा दें तो आराम मिल जाएगा।

- पिसा हुआ आंवला एक चम्मच शहद में मिलाकर नित्य दो बार चांटें।

- काली मिर्च और मिश्री मुंह में रखें, इससे गला भी खुला जाता है।

- पांच काली मिर्च और चौथाई चम्मच पिसी हुई सौंठ को एक चम्मच शहद में मिलकर सुबह-शाम चाटने से कफ वाली खांसी ठीक होती है।

- सूखी खांसी हो तो 15 ग्राम गुड़ और 15 ग्राम सरसों का तेल मिलाकर चाटने से लाभ होता है।


बलगम वाली खांसी का इलाज घरेलू नुस्खे द्वारा

- रात की खांसी हो तो एक बहेड़े के छिलके का टुकड़ा अथवा डोले हुए अदरक का टुकड़ा सोते समय मुख में रखकर चूसते रहने से बलगम आसानी से निकल जाता है। खांसी का इलाज घरेलु नुस्खे से ऐसे करें।

- बलगम साफ करने के लिए आंवला सूखा और मुलहठी को अलग-अलग बारीक करके चूर्ण बना लें और मिलाकर रख लें। इसमें से एक चम्मच चूर्ण दिन में दो बार खाली पेट प्रातः सायं सप्ताह-दो सप्ताह आवश्यकतानुसार लें। छाती में जमा हुआ बलगम साफ हो जाएगा।

- यदि कफ छाती पर सूख गया हो तो अलसी (तीसी) को कुचलकर पानी में औटाएं। जब पानी एक तिहाई रह जाए, उसे छानकर मिश्री मिलाकर रखें। अब इस काढ़े को एक-एक चम्मच एक-एक घण्टे के अन्तर से दिन में कई बार पिलाएं। इससे बलगम छूट जाता है। जब तक छाती साफ न हो, इसे पिलाते रहें।


खांसी से जुड़ी अन्य समस्याएं दूर करने के घरेलू नुस्खे

- ब्रोंकाइटिस श्वांस नली में सूजन एवं दर्द होने पर सोंठ, काली मिर्च और हल्दी-तीनों वस्तुओं का अलग-अलग चूर्ण बना लें। प्रत्येक का चार-चार चम्मच चूर्ण लेकर मिला लें और इस चूर्ण को आधा चम्मच पानी के साथ दिन में दो बार लें।

- छाती का दर्द तथा पसली चलने पर-एक चम्मच अजवायन 250 ग्राम पानी में उबालें, चौथाई शेष रहने पर छानकर रात को नियमित पीने से पांच-सात दिन में छाती का दर्द नष्ट हो जाता है। सोते समय गरम-गरम पीकर ओढ़कर सो जाएं। दिन में दो बार वह काढ़ा दो चम्मच की मात्रा से दिन में दो बार निरन्तर कुछ दिन देने से पसली चलना भी ठीक हो जाता है।

- हींग को गर्म पानी में घोलकर पसलियों में लेप करे। सौंठ 30 ग्राम कूट कर आधा किलो पानी में उबालकर छानकर दिन में थोड़ा-थोड़ा बार-बार पिएं। पसली का दर्द ठीक हो जाएगा।