उदयपुर फाइल्स के निर्माता अमित जानी ने फिल्म रिलीज़ के बाद बम और मौत की धमकियां मिलने का आरोप लगाया है। यह फिल्म, जो 2022 में दर्जी कन्हैया लाल की हत्या पर आधारित है, सेंसर बोर्ड की देरी और कानूनी अड़चनों के बाद 8 अगस्त को रिलीज़ हुई।
अमित जानी ने 9 अगस्त को सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए दावा किया कि उन्हें अज्ञात नंबर से बार-बार फोन आ रहे हैं, जिनमें कॉलर ने उन्हें बम से उड़ाने या गोली मारने की धमकी दी है। जानी ने पुलिस प्रशासन से मामले की जांच करने की मांग की।
अपनी पोस्ट में उन्होंने लिखा—“+971566707310 नंबर से लगातार आज बम से उड़ाने की, गोली मारने की धमकी और गाली-गलौज की जा रही है। यह खुद को बिहार का रहने वाला बता रहा है और अपना नाम तबरेज बता रहा है। इस पर मुकदमा कायम करके इसे गिरफ्तार किया जाए।”
फिल्म उदयपुर फाइल्स 2022 में राजस्थान के उदयपुर में दर्जी कन्हैया लाल की दिनदहाड़े हत्या की सच्ची घटना पर आधारित है। कन्हैया लाल पर आरोप था कि उन्होंने भाजपा की पूर्व नेता नूपुर शर्मा का समर्थन किया था। हत्या का यह भीषण कांड आरोपियों द्वारा वीडियो में रिकॉर्ड कर इंटरनेट पर डाल दिया गया था, जिसने पूरे देश में आक्रोश फैला दिया। इस मामले में मोहम्मद रियाज़ अत्तारी और गौस मोहम्मद को गैर-कानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम के तहत आरोपित किया गया है और वर्तमान में जयपुर की विशेष एनआईए अदालत में सुनवाई चल रही है। यह मामला शुरूआती जांच के बाद राजस्थान पुलिस से एनआईए को सौंपा गया था।
धमकियों के बाद केंद्र सरकार ने अमित जानी को ‘वाई’ श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की है, जिसमें 8 से 11 सुरक्षाकर्मियों की टीम दिल्ली और उत्तर प्रदेश में उनकी सुरक्षा करेगी। यह सुरक्षा सुप्रीम कोर्ट की अनुमति के बाद दी गई है, जिसमें उन्हें पुलिस प्रोटेक्शन का अधिकार मिला।
उदयपुर फाइल्स पहले 11 जुलाई को रिलीज़ होने वाली थी, लेकिन कानूनी और सेंसरशिप से जुड़ी बाधाओं के कारण इसकी रिलीज़ टल गई। आखिरकार दिल्ली हाई कोर्ट ने इसे अगस्त में रिलीज़ करने की मंजूरी दी।