मोदी सरकार 2.0 का शनिवार को एक साल पूरा हो गया। एक साल पहले आज ही के दिन प्रचंड जनादेश के साथ दूसरी बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश की सत्ता पर विराजमान हुए थे. इस दौरान सरकार की नीतियों की खूबियों और कमियों के बीच केंद्रीय मंत्रियों ने भी मुश्किलें खड़ी कीं। कभी धर्म, कभी इतिहास तो कभी भारत-पाकिस्तान के नाम पर जमकर भड़काऊ भाषण दिए। विपक्षी नेताओं पर व्यक्तिगत हमले भी किए। इससे सरकार से लेकर पार्टी तक की फजीहत हुई।
दिल्ली में हार के बाद अमित शाह ने भी माना था कि चुनाव में हार की वजह मंत्रियों के बयान भी थे. 'गोली मारो' और 'भारत-पाकिस्तान' जैसे बयानों को लेकर अमित शाह ने प्रतिक्रिया दी थी। उन्होंने कहा था, 'हम हार स्वीकार करते हैं। गोली मारो और भारत-पाकिस्तान जैसे बयान नहीं होने चाहिए थे।'
इस पूरे साल में सबसे ज्यादा भड़काऊ भाषण जेएनयू हिंसा, दिल्ली विधानसभा चुनाव और सीएए-एनआरसी आंदोलन के दौरान आए। पढ़ें, सालभर में सामने आए ऐसे ही कुछ बयान...
- गिरिराज सिंह, पशुपालन मंत्री
गिरिराज सिंह ने 19 फरवरी 2020 को पूर्णिया में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि 'पूर्वजों से भूल हो गई, मुसलमान भाइयों को 1947 में पाकिस्तान भेज दिया जाना चाहिए था।'
इससे पहले सहारनपुर में 12 फरवरी 2020 को CAA-NRC के समर्थन में रैली में गिरिराज सिंह ने कहा था कि 'देवबंद आतंकवाद की गंगोत्री है। दुनिया में आतंकवाद की घटनाओं का जुड़ाव देवबंद से ही रहा है।'
वहीं, 6 फरवरी 2020 दिल्ली विधानसभा चुनाव के दौरान ट्विटर पर ट्वीट करके उन्होंने लिखा था कि 'शाहीन बाग सुसाइड बॉम्बर का जत्था बनता जा रहा है। सुसाइड बम, खिलाफत आंदोलन-2 से देश को सजग करना होगा।'
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, उस वक्त गिरिराज सिंह के बयानों पर गृह मंत्री अमित शाह ने फोन कर नाराजगी जताई थी। कार्यकारी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने 17-18 फरवरी को सिंह को दिल्ली बुलाया था और ऐसे बयानों से बचने की सलाह दी थी।
यह शाहीन बाग़ अब सिर्फ आंदोलन नही रह गया है ..यहाँ सूइसाइड बॉम्बर का जत्था बनाया जा रहा है।
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देश की राजधानी में देश के खिलाफ साजिश हो रही है। pic.twitter.com/NoD98Zfwpx![]()
- अनुराग ठाकुर, वित्त राज्य मंत्री
अनुराग ठाकुर ने रिठाला में 27 जनवरी 2020 में दिल्ली विधानसभा चुनाव की एक रैली में कहा था कि 'देशद्रोहियों को गोली मार दो.'. अनुराग के बयान पर कांग्रेस ने सवाल उठाए थे। पार्टी ने कहा था कि एक केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री का यह बयान ध्रुवीकरण की कोशिश है। इस बयान के बाद चुनाव आयोग ने उन्हें नोटिस भेजकर जवाब मांगा था। बाद में 72 घंटे प्रचार करने पर पाबंदी भी लगा दी थी।![]()
- थावरचंद गहलोत, सामाजिक न्याय एवं सशक्तिकरण मंत्री
थावरचंद गहलोत ने मध्य प्रदेश के मंदसौर में सीएए-एनआरसी के समर्थन में रैली के दौरान 12 जनवरी 2020 में कहा था कि 'बहुत सारे लोग बोलते हैं कि साहब जब धार्मिक आधार पर पाकिस्तान इस्लामिक राष्ट्र बन गया, तो हमने यहां मुसलमानों को क्यों रखा है, सभी को वहां भेजना था और वहां के हिंदू, सिख, ईसाइयों और जितने भी थे, उन सबको यहां बुला लेना था। अब उस समय की परिस्थिति के हिसाब से जो होना था, वो हो गया। लेकिन अगर इसी तरह का वातावरण बना रहा तो वैसी परिस्थिति हमारे सामने आ सकती है।'![]()
- साध्वी निरंजन ज्योति, ग्रामीण विकास राज्य मंत्री
साध्वी निरंजन ज्योति ने 31 दिसंबर 2019 को दिल्ली में मीडिया ब्रीफिंग के दौरान कहा था कि 'प्रियंका नकली गांधी हैं और उन्हें अपने नाम के साथ अपने दादा फिरोज गांधी का नाम जोड़कर लिखना चाहिए।'
निरंजन ज्योति ने प्रियंका के इस बयान पर पलटवार किया था जिसमें प्रियंका ने कहा था कि 'उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी ने भगवा धारण किया है। भगवा आपका नहीं है। यह हिंदू धर्म का है, जिसमें हिंसा और रंज का कोई स्थान नहीं है।'![]()
- संजीव बालियान, पशुपालन, डेयरी और मत्स्य राज्य मंत्री
केंद्रीय मंत्री संजीव बालियान ने 23 जनवरी 2020 को मेरठ में CAA-NRC के समर्थन में रैली में कहा था कि ‘मैं राजनाथ जी (केंद्रीय रक्षा मंत्री) से निवेदन करूंगा, जो (जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय) JNU और जामिया (मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय) में देश के विरोध में नारे लगाते हैं, इनका इलाज एक ही है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश का वहां 10% आरक्षण करवा दो, सबका इलाज कर देंगे, किसी की जरूरत नहीं पड़ने की। कोई नारा नहीं लगा पाएगा। देश के खिलाफ नारा लगाने की फिर किसी की हिम्मत नहीं होगी। ये पश्चिमी उत्तर प्रदेश की भूमि है।'
PM मोदी- आज समय की मांग है कि हमें अपने पैरों पर खड़ा होना ही होगा, प्रधानमंत्री का देश के नाम पत्र की कुछ खास बातें#WATCH Union Minister Sanjeev Balyan in Meerut: Main Rajnath ji se nivedan karoonga, jo JNU,Jamia mein desh ke virodh mein naare lagate hain inka ilaaj ek hi hai,pashchim Uttar Pradesh ka wahan 10% reservation karwa do,sabka ilaaj kar denge,kisi ki zarurat nahi padne ki (22.1.20) pic.twitter.com/qoYmlxR3Ce
— ANI UP (@ANIN














