महाराष्ट्र में कोरोना के बढ़ते क़दमों को रोक पाना फिलहाल मुश्किल नजर आ रहा है। रोजाना तीन हजार से ज्यादा कोरोना केस आने से उद्धव ठाकरे सरकार की मुश्किलें बढ़ गई है। मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे महाराष्ट्र को कोरोना मुक्त कराने के लिए हर जरूरी कदम उठा रहे हैं। इस बीच महाराष्ट्र के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने शुक्रवार को कहा कि जुलाई और अगस्त के दौरान कोरोना के मामले तेजी से बढ़ सकते है। हालांकि उन्होंने आश्वासन दिया है कि कोरोना से होने वाली मृत्यु दर ऊपर नहीं जाएगा और अस्पतालों की हर मांग को पूरा किया जा रहा है। स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे की जुलाई और अगस्त में मामलों के बढ़ने की संभावनाओं ने चिंता बढ़ा दी है। राजेश टोपे ने बताया कि कोरोना के खिलाफ लड़ाई में हम राज्य के अस्पतालों में डॉक्टरों और आईसीयू बेड की संख्या बढ़ा रहे हैं।
A resolution has been passed in the Cabinet for availing the services of PG final year medical students in ICU wards. We are procuring important anti-viral drugs & increasing their stock in each district to ensure availability: Maharashtra Health Minister Rajesh Tope (2/2) https://t.co/3E7A1HBA4L
— ANI (@ANI) June 26,महाराष्ट्र में कोरोना वायरस टेस्टिंग (Coronavirus Testing) को लेकर राजेश टोपे ने इशारों ही इशारों में बीजेपी शासित राज्यों पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा, 'हम चाहते हैं कि ICMR के दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन हो। कई राज्य ऐसे हैं जो टेस्टिंग नहीं कर रहे हैं,छुपा रहे हैं। आज पुणे में 10 लाख लोगों पर 15 हजार टेस्ट और मुंबई में 22 हजार टेस्ट हो रहे हैं। ये देश में टेस्टिंग का उच्चतम आंकड़ा है।'
बता दें कि महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी नेता देवेंद्र फडणवीस ने कई बार कोरोना जांच में कमी को लेकर सीएम उद्धव ठाकरे पर निशाना साध चुके हैं। महाराष्ट्र में कोरोना के अब तक 1,47,741 संक्रमित मामले सामने आ चुके है वहीं 6,931 लोगों की मौत भी हो गई है।














