वाराणसी में सीवर के पानी से बेहाल लोग, अखिलेश यादव ने योगी सरकार पर कसा तंज- ‘क्योटो बनाम स्पेन’ की लड़ाई

वाराणसी में सीवर के पानी और जलभराव की समस्या को लेकर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने योगी आदित्यनाथ सरकार पर निशाना साधा है। भेलूपुर के शिवाला क्षेत्र में सीवर का पानी सड़कों और आसपास के इलाकों में भरने के बाद लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। काशी घूमने पहुंचे विदेशी पर्यटकों के भी गंदे पानी से होकर गुजरने का वीडियो सामने आया, जिसे अखिलेश यादव ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर साझा किया।

अखिलेश यादव ने इस स्थिति को लेकर सरकार पर तंज कसते हुए इसे दिल्ली और प्रदेश के बीच की राजनीतिक खींचतान से जोड़ दिया। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा कि काशी में विदेशी पर्यटकों के सामने देश की ‘प्रधान नगरी’ का विकास जलमग्न दिखाई दे रहा है। उन्होंने आगे तंज करते हुए कहा कि लखनऊ वाले काशी को गोरखपुर जैसा जलमग्न मुख्य नगर बनाए बिना नहीं मानेंगे। इसके बाद उन्होंने इस कथित आपसी विवाद को ‘क्योटो बनाम स्पेन’ की लड़ाई बताया।

शिवाला और अस्सी क्षेत्र में सीवर का पानी भरने से परेशानी

वाराणसी के चर्चित शिवाला इलाके में सीवर ओवरफ्लो होने के कारण जलभराव की स्थिति बनी। इसके अलावा अस्सी क्षेत्र की सड़कों पर भी पानी जमा होने से लोगों को आवाजाही में दिक्कत हुई। स्थिति इतनी खराब रही कि सीवर का पानी लोगों के घरों तक पहुंचने की बात सामने आई।

बीते करीब एक सप्ताह से वाराणसी के अलग-अलग इलाकों में जलभराव और सीवर का पानी जमा होने की समस्या सामने आ रही थी। इससे स्थानीय लोगों के साथ-साथ काशी घूमने आए विदेशी पर्यटकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस स्थिति के बाद नगर निगम की जल निकासी व्यवस्था को लेकर सवाल उठे।
नगर निगम ने स्थायी ड्रेनेज प्लान तैयार करने की बात कही

जलभराव की समस्या सामने आने के बाद नगर निगम ने इसे रोकने के लिए स्थायी ड्रेनेज प्लान तैयार किया है। इसी बीच भेलूपुर जोन के शिवाला वार्ड में रत्नाकर पार्क के आसपास और गलियों में सीवर ओवरफ्लो की स्थिति को लेकर जलकल विभाग ने कार्रवाई शुरू की।

नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल के निर्देश पर जलकल विभाग के अभियंताओं ने प्रभावित इलाके का निरीक्षण किया और तत्काल सुधारात्मक कदम उठाए। विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर सीवर ओवरफ्लो की स्थिति का जायजा लिया।

बंद पंप ठीक होने के बाद डेढ़ घंटे में हटा पानी

नगर निगम की ओर से जारी बयान के मुताबिक, जलकल विभाग की टीम ने इलाके से गुजर रही ओल्ड ट्रंक सीवर लाइन और कोनिया मेन सीवेज पंपिंग स्टेशन का भी निरीक्षण किया। इसके बाद जलनिगम के निर्माण खंड प्रथम के समन्वय से बंद और खराब पड़े पंपों को तत्काल ठीक कराया गया।

नगर निगम के अनुसार, पंप दोबारा चालू होने के करीब एक से डेढ़ घंटे के भीतर प्रभावित स्थानों और गलियों में जमा सीवर का पानी पूरी तरह हटा दिया गया। विभाग की ओर से जलभराव की समस्या के समाधान के लिए की गई इस कार्रवाई की जानकारी भी दी गई है।

इस पूरे घटनाक्रम के बीच वाराणसी में सीवर और जलभराव की स्थिति को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हुई। अखिलेश यादव ने विदेशी पर्यटकों के सामने आई स्थिति को आधार बनाकर योगी सरकार पर तंज कसा, जबकि नगर निगम ने समस्या सामने आने के बाद पंपों की मरम्मत और जल निकासी के लिए तत्काल कार्रवाई किए जाने की जानकारी दी है।