टीचर्स डे पर अखिलेश का योगी सरकार पर वार, सपा ने शुरू किया ‘पाठशाला पुकारे’ अभियान

शिक्षक दिवस के मौके पर समाजवादी पार्टी ने उत्तर प्रदेश में स्कूलों के मुद्दे को लेकर योगी आदित्यनाथ सरकार के खिलाफ अपना अभियान शुरू करने की घोषणा की है। सपा छात्र सभा की ओर से 5 सितंबर से ‘पाठशाला पुकारे’ कार्यक्रम चलाया जा रहा है। पार्टी के मुताबिक, इस दौरान प्रदेश में बंद किए गए प्राथमिक और जूनियर हाईस्कूलों के बाहर शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा।

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अभियान की जानकारी साझा की। उन्होंने उत्तर प्रदेश में स्कूल बंद किए जाने को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि जब बंद स्कूल दोबारा खुलेंगे, तभी PDA पढ़ेगा।

सात दिन तक चलेगा अभियान

समाजवादी छात्र सभा का यह अभियान 5 सितंबर से शुरू होकर 11 सितंबर तक चलेगा। पार्टी के अनुसार, कार्यक्रम के दौरान छात्र, नौजवान और PDA जागरूकता से जुड़े आयोजन किए जाएंगे। सपा ने इस अभियान के जरिए स्कूलों के बंद होने के मुद्दे को गांवों तक ले जाने की तैयारी की है।

अखिलेश यादव ने अपने पोस्ट में दावा किया कि भाजपा सरकार में उत्तर प्रदेश के 26 हजार प्राथमिक विद्यालय बंद किए गए हैं। इन्हीं स्कूलों को अभियान का प्रमुख केंद्र बनाया गया है। यह आंकड़ा और दावा सपा की ओर से सामने रखा गया है।

शिक्षा को प्राथमिकता देने का संदेश

सपा के मुताबिक, ‘पाठशाला पुकारे’ अभियान का मुख्य उद्देश्य शिक्षा को प्राथमिकता देने की मांग उठाना है। पार्टी का कहना है कि शिक्षा के जरिए वंचित, गरीब और पिछड़े वर्गों में सामाजिक और राजनीतिक जागरूकता बढ़ सकती है।

अखिलेश यादव ने अपने संदेश में शिक्षा को सामाजिक बराबरी और सामाजिक न्याय से जोड़ते हुए कहा कि इससे भेदभाव खत्म करने और समानता पर आधारित व्यवस्था की दिशा में आगे बढ़ने में मदद मिलेगी।

छात्रों और युवाओं के मुद्दे भी अभियान में शामिल

यह अभियान केवल स्कूलों के बंद होने के मुद्दे तक सीमित नहीं रहेगा। सपा छात्र सभा के कार्यक्रमों में छात्रों की समस्याओं और उनके सुझावों पर चर्चा की जाएगी। इसके साथ ही युवाओं की राजनीति में भूमिका को लेकर संगोष्ठियों का आयोजन भी किया जाएगा।
पार्टी की ओर से PDA वृक्षारोपण कार्यक्रम भी अभियान का हिस्सा रखा गया है।

पेपर लीक से रोजगार और आरक्षण तक उठेंगे मुद्दे

‘पाठशाला पुकारे’ अभियान के दौरान शिक्षा और युवाओं से जुड़े कई दूसरे मुद्दों को भी उठाने की तैयारी है। इनमें पेपर लीक, फीस में बढ़ोतरी, रोजगार, आरक्षण और कॉलेज-विश्वविद्यालयों में होने वाली नियुक्तियों में पारदर्शिता जैसे विषय शामिल हैं।

सपा का आरोप है कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में बड़ी संख्या में स्कूल बंद किए गए हैं। पार्टी इसी मुद्दे को लेकर प्रदेश के गांवों तक पहुंचने और छात्रों, युवाओं तथा स्थानीय लोगों के बीच जागरूकता अभियान चलाने की बात कह रही है।

अखिलेश यादव ने अभियान का संदेश ‘बंद स्कूल खुलेगा, तो PDA पढ़ेगा’ रखा है। इसके जरिए सपा ने शिक्षा और स्कूलों के मुद्दे को अपने राजनीतिक अभियान के केंद्र में रखने का संकेत दिया है।