लखनऊ में सब्जियों के दामों ने बिगाड़ा किचन बजट, प्याज-भिंडी से लेकर लौकी तक महंगी; टमाटर ने दी राहत

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में लगातार बारिश का असर अब आम लोगों की रसोई पर भी दिखाई देने लगा है। मंडियों में सब्जियों की आवक कम होने और फसलों को नुकसान पहुंचने के कारण कई हरी सब्जियों और प्याज के दाम बढ़ गए हैं। पिछले तीन दिनों में कुछ सब्जियों की कीमतों में 5 से 15 रुपये प्रति किलो तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। आलमबाग, फतेहगंज और निशातगंज जैसे प्रमुख फुटकर बाजारों में प्याज 55 से 60 रुपये किलो तक पहुंच गया है।

सब्जियों के बढ़ते भाव ने खासतौर पर मध्यमवर्गीय परिवारों का बजट प्रभावित किया है। जानकारी के मुताबिक, जिन परिवारों का मासिक सब्जी खर्च पहले करीब 3,000 से 3,500 रुपये रहता था, वह अब बढ़कर लगभग 5,000 से 5,500 रुपये तक पहुंच गया है।

महाराष्ट्र की बारिश से प्याज की सप्लाई प्रभावित

सब्जियों की कीमतों में तेजी के पीछे मंडियों में कम होती आवक को प्रमुख वजह बताया जा रहा है। भारतीय किसान एवं आढ़ती वेलफेयर एसोसिएशन, दुबग्गा मंडी के अध्यक्ष नजमुद्दीन राईनी के मुताबिक, महाराष्ट्र में भारी बारिश के कारण प्याज की फसल को नुकसान पहुंचा है।

इसका असर लखनऊ की दुबग्गा मंडी में प्याज की आवक पर भी पड़ा है। जहां पहले रोजाना करीब 15 से 20 ट्रक प्याज पहुंचते थे, वहीं अब यह संख्या घटकर लगभग 10 से 12 ट्रक रह गई है। आपूर्ति में कमी के साथ थोक कीमत भी बढ़ी है। प्याज का थोक भाव पहले 27 से 32 रुपये प्रति किलो था, जो अब बढ़कर 37 से 42 रुपये प्रति किलो हो गया है।

प्याज के साथ इन सब्जियों के दाम भी बढ़े

प्याज के अलावा कई रोजमर्रा की सब्जियों की कीमतों में भी उछाल देखने को मिला है। आलू अब 15 से 20 रुपये किलो के आसपास बिक रहा है, जबकि पहले इसका भाव 10 से 15 रुपये था। लौकी और तोरई की कीमत 25-30 रुपये से बढ़कर 30-35 रुपये प्रति किलो हो गई है।

भिंडी के भाव में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। पहले यह 30 से 35 रुपये किलो बिक रही थी, जबकि अब इसकी कीमत करीब 40 रुपये किलो तक पहुंच गई है। फुटकर बाजारों में सब्जियों के दाम स्थान के हिसाब से अलग-अलग बने हुए हैं।
तीन प्रमुख बाजारों में सब्जियों के भाव

सब्जी - आलमबाग - फतेहगंज - निशातगंज
प्याज - 55–60 रुपये - 55 रुपये -55 रुपये
आलू - 20–24 रुपये - 15–20 रुपये - 18–20 रुपये
भिंडी - 35–40 रुपये - 40 रुपये - 40 रुपये
लौकी - 35–40 रुपये - 25–30 रुपये - 40 रुपये
तोरई - 35–40 रुपये - 25–30 रुपये - 40 रुपये
शिमला मिर्च - 100–120 रुपये - 100 रुपये - 100–110 रुपये
टमाटर - 40 रुपये - 40 रुपये - 40 रुपये
धनिया - 120 रुपये - 100–120 रुपये - 100 रुपये
घुइयां - 60 रुपये - 50 रुपये - 50–60 रुपये

टमाटर के भाव घटे, मिली थोड़ी राहत

जहां एक ओर कई सब्जियों की कीमतें बढ़ी हैं, वहीं टमाटर के मामले में उपभोक्ताओं को कुछ राहत मिली है। सब्जी कारोबारी सचिन सोनकर के अनुसार, आपूर्ति में सुधार होने के कारण टमाटर की कीमत करीब 10 रुपये प्रति किलो कम हुई है।

पहले टमाटर लगभग 50 रुपये किलो बिक रहा था, जो अब घटकर करीब 40 रुपये किलो हो गया है। तीनों बाजारों में टमाटर का भाव करीब 40 रुपये प्रति किलो दर्ज किया गया।

बाजार की दूरी से भी बदल रहे सब्जियों के भाव

फुटकर बाजारों में एक ही सब्जी की कीमत अलग-अलग होने की एक वजह मंडी से दूरी और ढुलाई का खर्च भी है। उदाहरण के तौर पर शिमला मिर्च आलमबाग में 100 से 120 रुपये किलो, फतेहगंज में करीब 100 रुपये और निशातगंज में 100 से 110 रुपये किलो बिक रही है।

इसी तरह आलू की कीमत भी बाजार के अनुसार अलग है। आलमबाग में यह 20 से 24 रुपये, फतेहगंज में 15 से 20 रुपये और निशातगंज में 18 से 20 रुपये किलो मिल रहा है। प्याज के दाम ज्यादातर बाजारों में 55 रुपये या उससे ऊपर बने हुए हैं, जबकि आलमबाग में इसकी कीमत 60 रुपये किलो तक पहुंच रही है।

फिलहाल बारिश के कारण प्रभावित आपूर्ति और कम आवक का असर सब्जियों के खुदरा भाव पर बना हुआ है। ऐसे में आने वाले दिनों में कीमतों में क्या बदलाव होता है, यह मंडियों में आवक और मौसम की स्थिति पर निर्भर करेगा।