हनुमानगढ़ कलेक्ट्रेट को उड़ाने की धमकी, ईमेल के बाद प्रशासन और पुलिस में मची अफरा-तफरी

राजस्थान में बम धमकियों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। आज 15 दिसंबर को हनुमानगढ़ में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब जिला कलेक्ट्रेट को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल सामने आया। मेल में कलेक्ट्रेट परिसर के भीतर पांच बम होने का दावा किया गया, जिसके बाद प्रशासन और पुलिस तुरंत अलर्ट मोड में आ गए। एहतियात के तौर पर पूरे कलेक्ट्रेट भवन को खाली करा लिया गया और सुरक्षा एजेंसियों ने मोर्चा संभाल लिया। सूचना मिलते ही जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक स्वयं मौके पर पहुंच गए और स्थिति पर नजर बनाए रखी।

गौरतलब है कि इससे पहले भी राजस्थान समेत देश के कई हिस्सों में फ्लाइट्स, स्कूलों, अदालतों और सरकारी दफ्तरों को बम से उड़ाने की धमकियां मिल चुकी हैं। राजधानी जयपुर सहित कई शहरों में इस तरह के ईमेल भेजे जा चुके हैं। बीते सप्ताह राजस्थान हाईकोर्ट को भी झूठी धमकियां मिली थीं, जिसके चलते कई बार न्यायिक कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी थी।

देर रात आया धमकी भरा ईमेल

प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, धमकी वाला ईमेल देर रात भेजा गया। एनआईसी की आधिकारिक मेल आईडी पर रात करीब 12:46 बजे यह संदेश प्राप्त हुआ, जिसमें कलेक्ट्रेट परिसर को निशाना बनाने की बात कही गई थी। मेल मिलते ही सुरक्षा एजेंसियों को सूचित किया गया और त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी गई। मौके पर जिला कलेक्टर खुशाल यादव, एसपी हरिशंकर, एडीएम उम्मेदीलाल मीणा, एसडीएम मांगीलाल, एएसपी अरविंद विश्नोई, डीएसपी मीनाक्षी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।

एसपी ऑफिस और कोर्ट परिसर भी किए गए खाली

सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पुलिस ने व्यापक सर्च ऑपरेशन शुरू किया। कलेक्ट्रेट के साथ-साथ पुलिस अधीक्षक कार्यालय को भी तुरंत खाली कराया गया। इसके अलावा जिला न्यायालय परिसर को भी एहतियातन खाली करवा दिया गया। दरअसल, कलेक्ट्रेट परिसर के समीप ही एसपी कार्यालय और जिला कोर्ट स्थित हैं, ऐसे में किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए तीनों स्थानों की एक साथ गहन तलाशी ली जा रही है।

फिलहाल बम निरोधक दस्ता और पुलिस की अलग-अलग टीमें चप्पे-चप्पे की जांच में जुटी हुई हैं। प्रशासन ने आम लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और सहयोग बनाए रखने की अपील की है, जबकि धमकी देने वाले की पहचान और मेल के स्रोत का पता लगाने के प्रयास तेज कर दिए गए हैं।