प्रेमिका की गला घोंटकर हत्या, फिर शव को पेड़ से लटकाकर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश; प्रेमी समेत माता-पिता गिरफ्तार

झारखंड के बोकारो जिले में युवती की संदिग्ध मौत के मामले का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। शुरुआती जांच में जिस घटना को आत्महत्या मानने की आशंका जताई जा रही थी, वह दरअसल सुनियोजित हत्या निकली। पुलिस के मुताबिक 20 वर्षीय युवती की हत्या उसके प्रेमी ने अपने माता-पिता के साथ मिलकर की और बाद में सबूत छिपाने के उद्देश्य से शव को जंगल में पेड़ से लटका दिया, ताकि मामला आत्महत्या जैसा प्रतीत हो। इस मामले में पुलिस ने प्रेमी और उसके माता-पिता को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

indiatv के अनुसार, 5 अगस्त को जरीडीह थाना क्षेत्र के बांचा गांव के अंतर्गत छट्टीगोडा के जंगल के पास एक पेड़ से स्कार्फ के सहारे लटका हुआ आरती हेम्ब्रोम का शव बरामद हुआ था। घटना की सूचना मिलने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। युवती की मां की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया, जिसके बाद बेरमो के एसडीपीओ रविंदर सिंह के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन कर पूरे मामले की गहन जांच शुरू की गई।

डेढ़ साल से चल रहा था प्रेम संबंध

बोकारो के पुलिस अधीक्षक नाथू सिंह मीणा ने बताया कि जांच के दौरान सामने आया कि आरती हेम्ब्रोम और 19 वर्षीय मनोज मरांडी पिछले करीब डेढ़ साल से प्रेम संबंध में थे। पुलिस के मुताबिक मनोज ने युवती से शादी करने का भरोसा दिया था और इसी विश्वास में वह 2 अगस्त को उसे अपने घर लेकर आया था।

हालांकि, मनोज के माता-पिता नजीर मरांडी (60) और सरस्वती देवी (55) ने युवती को घर में रखने का विरोध किया। इसे लेकर परिवार के भीतर विवाद बढ़ गया। पुलिस का कहना है कि आरती अपने प्रेमी के घर में ही रहने की जिद पर अड़ी हुई थी, जिससे तनाव और बढ़ गया।
गला घोंटकर हत्या, फिर जंगल में रची साजिश

जांच में सामने आया कि 4 अगस्त को मनोज और उसके माता-पिता ने मिलकर कथित तौर पर आरती का गला घोंट दिया। हत्या के बाद तीनों आरोपियों ने शव को जंगल में ले जाकर एक पेड़ से स्कार्फ के सहारे लटका दिया, ताकि पुलिस और परिवार को यह आत्महत्या का मामला लगे।

जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों के घर से मृतका का मोबाइल फोन और उसके कुछ कपड़े भी बरामद किए हैं। इन साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद सभी आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस अब मामले के अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।

हाल ही में बोकारो में हुई थी तिहरे हत्याकांड की वारदात

गौरतलब है कि इससे पहले भी बोकारो जिला एक अन्य जघन्य वारदात को लेकर चर्चा में रहा था। हाल ही में नावाडीह थाना क्षेत्र के कुकुरलिलवा गांव में मानसिक रूप से अस्वस्थ बताए जा रहे एक व्यक्ति ने अपने पड़ोस में रहने वाले परिवार के तीन लोगों की कुल्हाड़ी से हमला कर हत्या कर दी थी।

पुलिस ने उस मामले में आरोपी राजू सिंह को गिरफ्तार कर लिया था। अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में पता चला कि आरोपी मानसिक बीमारी से पीड़ित बताया जाता है और उसे शराब की लत भी है। घटना उस समय हुई थी, जब पड़ोसी जानकी महतो सुबह अपने खेत की ओर जा रहे थे। इस वारदात ने पूरे इलाके में दहशत का माहौल पैदा कर दिया था।