हिमाचल प्रदेश के मंडी से बीजेपी सांसद और बॉलीवुड की मशहूर अभिनेत्री कंगना रनौत ने हाल ही में एक पॉडकास्ट में अपने दिल की बात बेझिझक कही। उन्होंने राजनीति में अपने अनुभव को लेकर जो खुलासा किया, वह हर किसी को चौंका गया। अपनी फिल्मों में दमदार किरदार निभाने वाली कंगना ने कहा कि सांसद बनने के बाद उन्हें वो आनंद नहीं मिल रहा, जिसकी कल्पना उन्होंने या लोगों ने की थी। उन्होंने हंसते हुए कहा कि यहां तो लोग टूटी नाली और सड़क जैसी समस्याएं लेकर पहुंच जाते हैं, और ऐसा लगता है मानो वो किसी और ही दुनिया में आ गई हैं।
'फिल्मी दुनिया से एकदम अलग चुनौती'‘क्वीन’, ‘मणिकर्णिका’ और ‘तनु वेड्स मनु’ जैसी सुपरहिट फिल्मों से दिलों में जगह बनाने वाली कंगना रनौत ने 2024 के लोकसभा चुनाव में मंडी से जीत दर्ज की। लेकिन हाल ही में ‘आत्मान इन रवि’ पॉडकास्ट में उन्होंने अपने दिल की बात कही – राजनीति उनके लिए नया और पूरी तरह अलग अनुभव है। उन्होंने साफ कहा, मैंने कभी नहीं सोचा था कि मैं समाज सेवा करूंगी। ये मेरी पृष्ठभूमि नहीं है, इसलिए अभी इसकी आदत डाल रही हूं, लेकिन सच कहूं तो मजा नहीं आ रहा।
‘टूटी नाली की शिकायतें लेकर आते हैं लोग’कंगना ने मुस्कुराते हुए बताया कि लोग उनसे ऐसी समस्याएं लेकर आते हैं जो तकनीकी रूप से सांसद के दायरे में नहीं आतीं। उन्होंने कहा, कोई कहता है कि उसकी नाली टूटी है, तो कोई कहता है कि सड़क बनवाइए। मैं समझाने की कोशिश करती हूं कि ये काम पंचायत या स्थानीय विधायक का है। लेकिन लोग कहते हैं, आपके पास फंड है, आप ही करवा दो। कंगना ने कहा, लोगों को फर्क नहीं पड़ता कि सांसद का असल में काम क्या होता है। वे बस समस्या का हल चाहते हैं, और वो भी तुरंत।
प्रधानमंत्री बनने के सवाल पर क्या कहा?पॉडकास्ट के दौरान जब कंगना से पूछा गया कि क्या वो भविष्य में प्रधानमंत्री बनने का सपना देखती हैं, तो उन्होंने बेहद ईमानदारी से जवाब दिया। कंगना ने कहा, मैंने हमेशा महिलाओं के हक़ की लड़ाई लड़ी है, लेकिन यह जिम्मेदारी उससे कहीं ज्यादा बड़ी और अलग है। मुझे नहीं लगता कि मुझमें इतना धैर्य या जुनून है कि मैं इस राह पर लंबे समय तक टिक पाऊं। उनकी यह बात सुनकर श्रोताओं को एक पल के लिए लगा कि शायद कंगना राजनीति छोड़ने के संकेत दे रही हैं।
मंडी में बाढ़ और बढ़ती आलोचनाहाल ही में मंडी क्षेत्र में बादल फटने और बाढ़ की गंभीर घटनाएं हुईं, जिनमें कई लोगों की जान चली गई। इस दौरान कंगना की गैरमौजूदगी को लेकर सोशल मीडिया पर उनकी आलोचना शुरू हो गई। लोगों ने सवाल उठाया कि आपदा के समय उनकी सांसद कहां थीं? हालांकि कंगना ने सफाई देते हुए कहा कि सड़क संपर्क टूटने के कारण वह प्रभावित इलाकों तक नहीं पहुंच सकीं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जैसे ही स्थिति सामान्य होगी, वह खुद जाकर पीड़ितों की मदद करेंगी।