ओडिशा के बुर्ला स्थित वीर सुरेन्द्र साईं आयुर्विज्ञान एवं अनुसंधान संस्थान (VIMSAR) में एचआईवी पॉजिटिव (HIV+) पीड़ित शख्स की मौत के बाद उसके शव को 12 घंटे के लिए छोड़ दिया गया। अस्पताल के कर्मचारी कथित तौर पर शरीर को छूने से संक्रमण से डर रहे थे। इस पूरे मामले पर VIMSAR की अधीक्षक जयश्री डोरा का कहना है कि मरीज गंभीर हालत में अस्पताल आया था और उसे प्रारंभिक उपचार दिया गया था लेकिन रविवार को उसकी मौत हो गई।
मरीज की मौत के बाद, हमने पुलिस को सूचित किया क्योंकि वह बेसहारा था। पुलिस को शव को अपने कब्जे में लेना चाहिए था। जयश्री डोरा ने कहा कि हम किसी भी तरह की हुई लापरवाही के बारे में पूछताछ कर रहे हैं। हम इस मामले की जांच भी कर रहे हैं कि कितने देर तक उसके शव को बेड पर ही रखा गया और उसे शिफ्ट नहीं किया गया। लेकिन उसी समय यह पुलिस की जिम्मेदारी थी ना कि अस्पताल के अधिकारियों की नहीं कि बेसहारा मरीज के रिश्तेदार की तलाश करे।