VB-G RAM G बिल पर राहुल और प्रियंका गांधी का बड़ा बयान, कहा- 'प्रदूषण पर चर्चा क्यों नहीं हो सकती?'

कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा ने केंद्र सरकार पर VB-G RAM G बिल को लेकर कड़ा हमला किया है। राहुल गांधी ने इस बिल को 'गांव विरोधी' बताते हुए कहा कि मोदी सरकार ने एक दिन में मनरेगा (MGNREGA) को खत्म कर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि VB-G RAM G बिल MGNREGA का रीवैम्प नहीं है और यह ग्रामीण क्षेत्रों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है।

प्रदूषण पर चर्चा क्यों नहीं हो सकती?


कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने बिल 2025 पर चिंता जताते हुए कहा कि संसद का सत्र कई दिनों से चल रहा है, लेकिन सरकार आखिरी दिनों में जल्दीबाजी में बिल लाकर पास करवा रही है। उन्होंने पूछा, प्रदूषण पर चर्चा क्यों नहीं हो सकती? उनका कहना था कि सभी मुद्दों पर खुलकर बहस होनी चाहिए और सभी पक्षों की बात सुननी चाहिए।

प्रियंका गांधी ने बिल की कमियां गिनाईं

प्रियंका गांधी ने कहा कि यह बिल गरीब और जरूरतमंद लोगों के लिए बेहद हानिकारक होगा। उन्होंने बताया कि MGNREGA योजना में केंद्र सरकार 90% कोष देती थी, जो ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ थी और गरीब लोगों के लिए रोज़गार का सबसे बड़ा सहारा थी। पिछले 20 वर्षों में यह योजना गरीबों की मदद करती रही है। लेकिन नए बिल में कोष में कटौती के कारण राज्य सरकारें इसे वहन नहीं कर पाएंगी, जिससे योजना का प्रभाव कम होगा और गरीबों को नुकसान होगा।

राहुल गांधी ने कहा- बिल को जबरदस्ती पास कराया गया

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने ट्वीट कर कहा कि VB–G RAM G MGNREGA का सुधार नहीं है, बल्कि यह रोजगार के अधिकार की गारंटी खत्म कर देने वाला बिल है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस बिल को बिना किसी जांच-पड़ताल के संसद में ज़बरदस्ती पास कराया गया। विपक्ष की स्थायी समिति में भेजने की मांग को खारिज कर दिया गया। राहुल ने कहा कि यह कानून ग्रामीण इलाके में रहने वाले करोड़ों मज़दूरों को प्रभावित करता है और इसे सार्वजनिक बहस के बिना पास नहीं किया जाना चाहिए था।

राहुल गांधी ने केंद्र पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि पीएम मोदी का लक्ष्य ग्रामीण मजदूरों, दलितों, OBC और आदिवासियों की ताकत को कमजोर करना और सत्ता को केंद्रीकृत करना है। उनका कहना था कि MGNREGA दुनिया की सबसे सफल गरीबी उन्मूलन और सशक्तिकरण योजनाओं में से एक रही है।

जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को लोकसभा और राज्यसभा को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया गया। इसके साथ ही संसद का शीतकालीन सत्र 2025 समाप्त हो गया।