जैसे ही तपती गर्मी दस्तक देती है, स्किन की सबसे आम समस्या बन जाती है – चिपचिपापन और ऑयलीनेस। पसीना, प्रदूषण और धूप मिलकर चेहरे को थका हुआ और बेजान बना देते हैं। नतीजा यह होता है कि मेकअप जल्दी उतर जाता है, मुंहासों की समस्या बढ़ जाती है और चेहरा ताजगी खो बैठता है। अगर आप भी इस दिक्कत से परेशान हैं, तो इन 6 आसान टिप्स से पा सकते हैं साफ़ और फ्रेश लुक।
1. जेल बेस्ड फेस वॉश चुनेंगर्मी में क्रीमी या मॉइश्चराइजिंग फेस वॉश का इस्तेमाल करने से स्किन और ज़्यादा ऑयली महसूस होती है। इस मौसम में हल्के जेल बेस्ड फेस वॉश बेहतर रहते हैं, खासकर वे जिनमें एलोवेरा, नीम या ग्रीन टी जैसे नेचुरल इंग्रेडिएंट्स मौजूद हों। एलोवेरा त्वचा को ठंडक देता है और पसीने से होने वाली जलन को कम करता है, नीम एंटीबैक्टीरियल गुणों से भरपूर होता है जो पिंपल्स और एक्ने से बचाता है, वहीं ग्रीन टी एंटीऑक्सीडेंट्स से समृद्ध है जो स्किन को डिटॉक्स करने में मदद करता है। साथ ही, जेल बेस्ड क्लींजर चेहरे से एक्स्ट्रा ऑयल हटाकर स्किन को रिफ्रेश महसूस कराते हैं और मेकअप को भी लंबे समय तक टिकने में मदद करते हैं।
2. टोनर को रूटीन का हिस्सा बनाएंगर्मियों में पसीना और धूल मिलकर रोमछिद्र (पोर) को बंद कर देते हैं, जिससे ब्लैकहेड्स और पिंपल्स की समस्या बढ़ जाती है। ऐसे में टोनर का इस्तेमाल बेहद फायदेमंद साबित होता है। गुलाब जल से बना टोनर स्किन को तुरंत कूलिंग इफेक्ट देता है, ग्रीन टी टोनर स्किन को सुकून पहुंचाता है और इंफ्लेमेशन कम करता है, वहीं खीरे का टोनर स्किन को डीप हाइड्रेट करता है और टैनिंग से भी बचाता है। नियमित रूप से टोनर लगाने से स्किन का पीएच लेवल बैलेंस रहता है और चेहरा पूरे दिन फ्रेश दिखता है।
3. ऑयल-फ्री मॉइश्चराइज़र लगाना न भूलेंबहुत से लोग मानते हैं कि ऑयली स्किन को मॉइश्चराइज़र की ज़रूरत नहीं होती, लेकिन यह सबसे बड़ी गलती है। जब आप मॉइश्चराइज़र स्किप करते हैं तो स्किन ड्रायनेस को रोकने के लिए और ज़्यादा ऑयल बनाने लगती है। वॉटर-बेस्ड और ऑयल-फ्री मॉइश्चराइज़र नमी तो बनाए रखते हैं लेकिन चेहरे पर चिपचिपाहट नहीं आने देते। ऐसे मॉइश्चराइज़र हल्के होते हैं और जल्दी स्किन में एब्ज़ॉर्ब हो जाते हैं। इन्हें लगाने से त्वचा बैलेंस रहती है, मेकअप लंबे समय तक टिकता है और स्किन पर एक नेचुरल ग्लो भी आता है।
4. ज़रूरत से ज़्यादा फेस वॉश न करेंगर्मी और पसीने के कारण बार-बार चेहरा धोने की आदत आम है, लेकिन यह स्किन के लिए हानिकारक है। ज्यादा वॉश करने से स्किन की नेचुरल मॉइश्चर लेयर हट जाती है और शरीर इसे पूरा करने के लिए अतिरिक्त ऑयल बनाना शुरू कर देता है। इससे चेहरे पर और ज्यादा चिपचिपाहट आने लगती है और पिंपल्स का खतरा बढ़ जाता है। दिन में सिर्फ सुबह और शाम एक माइल्ड, सल्फेट-फ्री फेस वॉश से चेहरा साफ करना काफी है। बीच में अगर चेहरा गंदा लगे तो आप फेस मिस्ट या वेट वाइप्स का इस्तेमाल कर सकते हैं।
5. घरेलू फेस पैक अपनाएंनेचुरल फेस पैक्स ऑयली स्किन के लिए किसी वरदान से कम नहीं। मुल्तानी मिट्टी त्वचा से अतिरिक्त तेल सोखकर रोमछिद्रों की गहराई तक सफाई करती है। चंदन पाउडर स्किन को ठंडक देता है और पिंपल्स को रोकता है, जबकि खीरा स्किन को हाइड्रेट करके ग्लो लाता है। सप्ताह में कम से कम दो बार इन फेस पैक्स का इस्तेमाल करें। आप चाहें तो दही और बेसन का पैक भी लगा सकते हैं जो स्किन को क्लीन और ब्राइट बनाता है। घरेलू पैक्स स्किन को नैचुरली रिपेयर करते हैं और कैमिकल बेस्ड प्रोडक्ट्स की तुलना में ज्यादा सुरक्षित रहते हैं।
6. डाइट पर दें ध्यानआपकी डाइट का सीधा असर आपकी त्वचा पर दिखता है। ज्यादा तली-भुनी चीजें और मीठा खाने से शरीर के अंदर का तापमान बढ़ता है और स्किन पर पिंपल्स निकल आते हैं। गर्मियों में फ्रेश जूस, नारियल पानी, नींबू पानी, मौसमी फल और सलाद का सेवन बढ़ाएं। ये न केवल शरीर को ठंडक पहुंचाते हैं बल्कि त्वचा को अंदर से हाइड्रेटेड रखते हैं। पानी की कमी भी ऑयली स्किन को और खराब कर सकती है, इसलिए दिनभर में कम से कम 8–10 गिलास पानी पीना न भूलें। हेल्दी डाइट लेने से स्किन नेचुरली क्लियर और ग्लोइंग बनती है।