UP के इस जिले में उज्ज्वला योजना की गैस सब्सिडी पर संकट, 4.5 लाख महिलाओं ने नहीं कराई KYC

उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में उज्ज्वला योजना की लगभग 4.5 लाख लाभार्थी महिलाओं की रसोई गैस की सब्सिडी खतरे में पड़ सकती है। इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम के क्षेत्रीय कार्यालयों ने चेतावनी दी है कि यदि लाभार्थियों ने दिसंबर तक अपने गैस कनेक्शन की KYC नहीं कराई, तो आठवें और नौवें सिलिंडर के रीफिल पर सब्सिडी नहीं मिलेगी।

इसका मतलब है कि हर सिलिंडर पर मिलने वाले 300 रुपये की सब्सिडी रुक सकती है। साथ ही घरेलू गैस उपभोक्ताओं को मिलने वाली 59.05 रुपये की सब्सिडी भी रोकी जा सकती है। इसके मद्देनजर तेल कंपनियों ने केवाईसी कराने के लिए जागरूकता अभियान तेज कर दिया है।

कौन-कौन से जिले शामिल हैं और कितनी लाभार्थी हैं

गोरखपुर क्षेत्रीय कार्यालय के अंतर्गत गोरखपुर-बस्ती मंडल के सात जिलों के अलावा, आंबेडकरनगर, बलरामपुर और आजमगढ़ जिले भी शामिल हैं। इन जिलों में लगभग 15 लाख उज्ज्वला योजना की लाभार्थी महिलाएं हैं। इन महिलाओं को रसोई गैस कनेक्शन निशुल्क प्रदान किया गया था। साथ ही साल में नौ बार सिलिंडर रीफिल कराने पर प्रति सिलिंडर 300 रुपये की सब्सिडी भी मिलती है।

लाभार्थी रसोई गैस की पूरी कीमत का भुगतान करती हैं और सब्सिडी सीधे उनके बैंक खाते में ट्रांसफर होती है। इसका उद्देश्य गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले परिवारों की महिलाओं को खाना बनाने में कोई बाधा न आए। बावजूद इसके, करीब 30 प्रतिशत लाभार्थियों ने अभी तक केवाईसी नहीं कराई है।

केवाईसी कराने के विकल्प

उज्ज्वला योजना के कनेक्शनधारक स्वयं अपने कनेक्शन की केवाईसी कर सकते हैं। इसके लिए QR कोड या यह लिंक https://www.pmuy.gov.in/e-kyc.html इस्तेमाल किया जा सकता है। यदि यह संभव नहीं है तो नजदीकी एजेंसी शोरूम जाकर भी केवाईसी कराई जा सकती है।

घर बैठे हाकर के जरिए केवाईसी

जो ग्राहक एजेंसी पर नहीं जा सकते, उनके लिए एजेंसी का हाकर घर पर पहुंचकर केवाईसी कर देगा। हाकर मोबाइल फोन से ग्राहक की फेशियल बायोमीट्रिक प्रक्रिया पूरी करेगा। एजेंसी पर फेशियल या अंगूठे की बायोमीट्रिक भी ली जा सकती है।

जानकारी और हेल्पलाइन

इस मामले में जानकारी के लिए 18002333555 पर संपर्क किया जा सकता है।

महत्वपूर्ण बातें


उज्ज्वला योजना की लाभार्थियों को दिसंबर तक केवाईसी करानी अनिवार्य है।

यदि ऐसा नहीं होता है तो आठवें और नौवें सिलिंडर रीफिल पर सब्सिडी नहीं मिलेगी।

अगले वित्तीय वर्ष 31 मार्च तक केवाईसी कराई गई तो रोकी गई सब्सिडी भी दे दी जाएगी।

बायोमीट्रिक के अभाव में रसोई गैस सिलिंडर को ब्लॉक नहीं किया जाएगा।

यदि लाभार्थी ने एक बार केवाईसी कर ली है तो उसी वित्तीय वर्ष में दोबारा करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।