सीएम योगी आदित्यनाथ का बड़ा निर्णय, यूपी के सभी स्कूलों में अनिवार्य होगा ‘वंदे मातरम्’

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य के सभी विद्यालयों में ‘वंदे मातरम्’ राष्ट्रगीत को अनिवार्य रूप से गाने का ऐलान किया है। गोरखपुर में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के दौरान सीएम योगी ने कहा कि राष्ट्रगौरव और एकता की भावना को सशक्त करने के लिए यह निर्णय लिया गया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि अब प्रदेश के हर स्कूल में ‘वंदे मातरम्’ का सामूहिक गायन किया जाएगा, ताकि नई पीढ़ी देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता के आदर्शों से प्रेरित हो सके।

सीएम योगी ने अपने संबोधन में कहा कि कुछ लोग ऐसे हैं जो लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती जैसे राष्ट्रीय अवसरों से दूरी बनाते हैं, लेकिन जिन्ना जैसी विभाजनकारी सोच का समर्थन करने वाले आयोजनों में शामिल होते हैं। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम् का विरोध करना देश की एकता और अखंडता के खिलाफ कदम है। यही दुर्भाग्यपूर्ण सोच भारत के विभाजन का कारण बनी थी, इसलिए अब यह आवश्यक है कि राष्ट्रगीत को प्रत्येक विद्यार्थी के जीवन का हिस्सा बनाया जाए।

मुख्यमंत्री ने बताया कि सरदार पटेल की जयंती के 150 वर्ष पूरे होने के अवसर पर प्रदेश में “राष्ट्रीय एकता कार्यक्रमों” की शुरुआत की गई है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 31 अक्टूबर को “राष्ट्रीय एकता दिवस” के रूप में घोषित कर सरदार पटेल के योगदान को देशभर में सम्मान दिलाया है। इसी क्रम में अब यूपी के 403 विधानसभा क्षेत्रों में “एकता यात्राओं” का आयोजन किया जा रहा है, ताकि लोगों में एक भारत–श्रेष्ठ भारत की भावना मजबूत हो।

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि देश की अखंडता को कमजोर करने वाली ताकतों की पहचान करना और उनके खिलाफ कार्रवाई करना आवश्यक है। “हमें ऐसे तत्वों से सावधान रहना होगा जो जिन्ना जैसी मानसिकता को पुनर्जीवित करने का प्रयास करते हैं,” उन्होंने कहा। मुख्यमंत्री ने युवाओं से आह्वान किया कि वे वंदे मातरम् को सिर्फ गीत नहीं, बल्कि राष्ट्र के प्रति निष्ठा और कर्तव्य की भावना के रूप में अपनाएं।

“पूरे देश को गौरव का अनुभव हो रहा है” — सीएम योगी

सीएम योगी ने आगे कहा कि आज पूरा देश भारत माता के महान सपूत, लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती को गर्व के साथ मना रहा है। उन्होंने याद दिलाया कि आज़ादी के बाद देश के सेनानियों को उचित सम्मान देने की परंपरा अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल में शुरू हुई थी, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आगे बढ़ाया।

उन्होंने गुजरात का उदाहरण देते हुए कहा कि सरदार सरोवर डैम आज देश की प्रगति और एकता का प्रतीक है। केवड़िया में बनी “स्टैच्यू ऑफ यूनिटी” विश्व की सबसे ऊँची प्रतिमा है, जो भारत के लिए गर्व और प्रेरणा का प्रतीक बन चुकी है। सीएम योगी ने कहा कि यह प्रतिमा केवल लोहे और मिट्टी से नहीं, बल्कि करोड़ों भारतीयों की भावनाओं और एकता की भावना से बनी है।

योगी आदित्यनाथ ने अंत में कहा कि “वंदे मातरम्” केवल एक राष्ट्रगीत नहीं, बल्कि भारत की आत्मा है। इसे विद्यालयों में अनिवार्य कर प्रदेश सरकार नई पीढ़ी के मन में राष्ट्रप्रेम, अनुशासन और एकता की मजबूत नींव डालने का कार्य करेगी।