क्या बुलडोज़र की जगह ब्रह्मोस दागेंगे? अखिलेश यादव का सीएम योगी पर तीखा कटाक्ष

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक बार फिर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधा है। अपने खास व्यंग्यात्मक अंदाज़ में उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के भीतर कथित अंतर्कलह का मुद्दा उठाते हुए कहा कि प्रदेश और केंद्र के बीच खींचतान अब काफी बढ़ चुकी है। इसी संदर्भ में उन्होंने तंज कसते हुए सवाल किया कि क्या अब बुलडोज़र की जगह ब्रह्मोस भेजा जाएगा?

सोशल मीडिया पोस्ट से बढ़ी सियासी गर्मी

अखिलेश यादव समय-समय पर मुख्यमंत्री योगी और केंद्र सरकार के रिश्तों को लेकर सवाल उठाते रहे हैं। इस बार उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट साझा कर सियासी हलचल तेज कर दी। उन्होंने लिखा, “अब क्या बुलडोज़र की जगह ब्रह्मोस भेजेंगे… दिल्ली-लखनऊ की लड़ाई कुछ ज़्यादा ही आगे बढ़ गई है क्या?” इस टिप्पणी को राजनीतिक गलियारों में भाजपा के अंदरूनी समीकरणों पर कटाक्ष के रूप में देखा जा रहा है।

पहले भी लगा चुके हैं आरोप

यह पहला अवसर नहीं है जब सपा प्रमुख ने केंद्र और राज्य सरकार के बीच मतभेद होने का दावा किया हो। इससे पहले भी वे कई बार बिना सीधे नाम लिए प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के बीच समन्वय की कमी का आरोप लगा चुके हैं। एक बयान में उन्होंने यह तक कहा था कि प्रधानमंत्री अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी में मेट्रो परियोजना तक शुरू नहीं करवा पा रहे हैं, जिससे दोनों सरकारों के बीच तालमेल पर सवाल उठते हैं।

वाराणसी मेट्रो को लेकर भी उठाए सवाल

अखिलेश यादव ने दावा किया कि प्रधानमंत्री के क्षेत्र में मेट्रो न शुरू हो पाना केंद्र और राज्य के बीच गहरे मतभेद का संकेत है। उनके अनुसार, यदि दोनों सरकारों में सामंजस्य होता तो वाराणसी में मेट्रो परियोजना अटकी नहीं रहती। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश के नेता दिल्ली के नेतृत्व से दूरी बनाए हुए हैं और आपसी समन्वय की कमी साफ दिखाई देती है।

अमेरिका डील और किसानों का मुद्दा

सपा अध्यक्ष ने हाल ही में अमेरिका के साथ हुई एक डील का हवाला देते हुए कहा कि उसका असर किसानों पर पड़ सकता है, लेकिन प्रदेश सरकार ने संभावित संकट से निपटने की कोई ठोस तैयारी नहीं की है। उन्होंने राज्य के बजट को भी आड़े हाथों लेते हुए इसे “भाजपा की विदाई का बजट” करार दिया।

कुल मिलाकर, अखिलेश यादव के इन बयानों ने प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर हलचल पैदा कर दी है। उनके तंज और आरोपों के बीच अब भाजपा की ओर से प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।