यूपी चुनाव से पहले अखिलेश यादव का नया सियासी रंग, लाल के साथ नीली टीशर्ट में दिखेगी समाजवादी छात्रसभा

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी की राजनीति में रंगों का नया संकेत दिखाई दे रहा है। समाजवादी छात्रसभा के कार्यकर्ता अब लाल रंग के बजाय नीली टीशर्ट में नजर आएंगे। नई टीशर्ट पर समाजवादी पार्टी के चुनाव चिन्ह साइकिल के साथ बाबा साहब भीमराव अंबेडकर की तस्वीर भी शामिल की गई है। अखिलेश यादव के हालिया नीले गमछे के बाद छात्र संगठन की पोशाक में आया यह बदलाव चर्चा में है।

रेफरेंस के मुताबिक, इस बदलाव को दलित मतदाताओं तक पहुंच बढ़ाने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि, पार्टी की ओर से इस रंग परिवर्तन के पीछे कोई अलग आधिकारिक कारण यहां नहीं बताया गया है।

नीले रंग के साथ अंबेडकर की तस्वीर

समाजवादी छात्रसभा की नई टीशर्ट में लाल रंग की जगह नीला रंग प्रमुख है। इसके साथ साइकिल और बाबा साहब भीमराव अंबेडकर की तस्वीर दिखाई देगी। नीला रंग उत्तर प्रदेश की राजनीति में दलित राजनीति और बहुजन समाज पार्टी से जुड़ा माना जाता है।

बसपा के झंडे और चुनाव चिन्ह का रंग भी नीला है। ऐसे में समाजवादी छात्रसभा के परिधान में नीले रंग को शामिल किए जाने को राजनीतिक नजरिए से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

अखिलेश यादव भी नीले गमछे में दिखे थे

समाजवादी छात्रसभा की टीशर्ट में बदलाव से पहले अखिलेश यादव भी नीला गमछा पहने नजर आए थे। इसके बाद अब छात्रसभा की टीशर्ट का रंग बदलने की खबर ने इस बदलाव को लेकर चर्चा बढ़ा दी है।

रेफरेंस में इसे दलित वोटरों को साधने की कोशिश के रूप में देखा गया है। उत्तर प्रदेश में दलित मतदाताओं की हिस्सेदारी करीब 21 फीसदी बताई गई है। ऐसे में चुनाव से पहले इस वर्ग तक राजनीतिक पहुंच बनाने की कोशिशों को अहम माना जा रहा है।

मायावती और बसपा के कमजोर होते प्रभाव का जिक्र

रेफरेंस के अनुसार, उत्तर प्रदेश में मायावती की राजनीतिक ताकत लगातार कम होने की बात कही गई है। इसी संदर्भ में समाजवादी पार्टी की ओर से नीले रंग और अंबेडकर की तस्वीर को अपनाने को दलित मतदाताओं के बीच अपनी पकड़ बढ़ाने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।

2024 के लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी ने उत्तर प्रदेश में 37 सीटें जीती थीं। अब आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए पार्टी के वोट आधार को मजबूत करने की कोशिशों के बीच छात्रसभा की नई टीशर्ट भी चर्चा में है।
PDA के नए मतलब पर भी चर्चा में रहे अखिलेश

अखिलेश यादव हाल ही में PDA की नई व्याख्या को लेकर भी चर्चा में रहे थे। उन्होंने P को Protest, D को Demonstration और A को Activist से जोड़ते हुए कहा था कि अपनी बात रखने वाले प्रदर्शनकारी और एक्टिविस्ट भी PDA का हिस्सा हैं।

इसी दौरान अखिलेश यादव ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा था कि समाज ने लंबे समय से समस्याएं झेली हैं और बाबा साहब भीमराव अंबेडकर ने इसे सामान्य बनाने की दिशा में प्रयास किया। उन्होंने बीजेपी की ओर से संभावित नैरेटिव को लेकर लोगों को सावधान रहने की बात भी कही थी।

आरक्षण को लेकर बीजेपी पर लगा चुके हैं आरोप

रेफरेंस के मुताबिक, अखिलेश यादव इससे पहले बीजेपी पर आरक्षण खत्म करने की कोशिश करने का आरोप भी लगा चुके हैं। इन बयानों के बीच अब समाजवादी छात्रसभा की टीशर्ट में अंबेडकर की तस्वीर और नीले रंग को शामिल किया गया है।

उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव नजदीक आने के साथ समाजवादी पार्टी की ओर से वोटरों के अलग-अलग वर्गों तक पहुंच बनाने की कोशिशों की चर्चा है। छात्रसभा की नई टीशर्ट को भी इसी राजनीतिक संदर्भ में दलित मतदाताओं के बीच पैठ बढ़ाने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।