राजस्थान की राजनीति में आज का दिन बेहद अहम माना जा रहा है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अगुवाई में बुधवार दोपहर 4 बजे जयपुर स्थित मुख्यमंत्री कार्यालय में कैबिनेट की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जाएगी। इस बैठक में आगामी बजट सत्र की रूपरेखा तय करने के साथ-साथ सरकार के विधायी एजेंडे पर भी अंतिम चर्चा होगी। खास बात यह है कि कैबिनेट बैठक समाप्त होते ही मंत्री परिषद की बैठक भी होगी, जिसमें सरकार सत्र के दौरान अपनाई जाने वाली रणनीति को अंतिम रूप देगी।
राज्यपाल के अभिभाषण के मसौदे पर लगेगी मुहर
बैठक से पहले संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि कैबिनेट बैठक का प्रमुख उद्देश्य विधानसभा के बजट सत्र की तैयारियों को पुख्ता करना है। उन्होंने कहा कि सत्र के पहले दिन सदन में राज्यपाल द्वारा पढ़े जाने वाले अभिभाषण के प्रारूप को कैबिनेट की मंजूरी दी जाएगी। इसके साथ ही 26 जनवरी, गणतंत्र दिवस के अवसर पर राज्यपाल की ओर से जारी किए जाने वाले विशेष संदेश के ड्राफ्ट पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया जाएगा। बजट सत्र में आ सकते हैं नए कानून
भजनलाल सरकार इस बजट सत्र के दौरान कई अहम नए विधेयकों को पेश करने की तैयारी में है। माना जा रहा है कि आज की कैबिनेट बैठक में इन प्रस्तावित विधेयकों के मसौदों पर चर्चा होगी और कुछ विधेयकों को औपचारिक स्वीकृति भी मिल सकती है। सरकार का फोकस ऐसे कानून लाने पर है, जिनका सीधा असर आम लोगों की जिंदगी, प्रशासनिक सुधार और विकास योजनाओं पर पड़े।
मंत्री परिषद की बैठक में तय होगी सत्र की रणनीति
कैबिनेट बैठक के तुरंत बाद होने वाली मंत्री परिषद की बैठक में बजट सत्र को लेकर विस्तृत मंथन किया जाएगा। सभी विभागों के मंत्री इस बैठक में शामिल होंगे, जहां विपक्ष के संभावित सवालों से निपटने की रणनीति, सरकार की उपलब्धियों को प्रभावी तरीके से सदन में रखने और विधेयकों को पारित कराने का रोडमैप तैयार किया जाएगा। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा इस दौरान मंत्रियों को बजट घोषणाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन और सत्र के दौरान सक्रिय भूमिका निभाने के दिशा-निर्देश भी दे सकते हैं।