दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (IGI) के टर्मिनल-3 पर मंगलवार (28 अक्टूबर) को उस समय हड़कंप मच गया, जब एअर इंडिया की ग्राउंड हैंडलिंग सेवा प्रदाता कंपनी AI SATS की एक बस अचानक आग की लपटों में घिर गई। यह घटना बे नंबर 32 के पास हुई, जहां पास ही एक विमान खड़ा था। कुछ ही दूरी पर विमान मौजूद होने के बावजूद किसी तरह की जनहानि या नुकसान की खबर नहीं है।
समय रहते बचा बड़ा हादसासौभाग्य से, बस में आग लगने के वक्त कोई यात्री मौजूद नहीं था। आग लगते ही एयरपोर्ट पर मौजूद दमकल कर्मी तुरंत मौके पर पहुंचे और आग पर काबू पा लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग इतनी तेज थी कि कुछ ही सेकंड में बस पूरी तरह आग के गोले में बदल गई थी। हालांकि, उनकी तत्परता के कारण यह आग किसी बड़े हादसे में नहीं बदली।
एयरपोर्ट अधिकारियों ने बताया कि आग लगने के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, यह तकनीकी खराबी या शॉर्ट सर्किट का मामला हो सकता है। वहीं, एअर इंडिया की ओर से इस घटना पर आधिकारिक बयान का इंतजार है।
कुछ समय के लिए मची अफरातफरीघटना के बाद टर्मिनल-3 पर थोड़ी देर के लिए अफरातफरी मच गई थी। सुरक्षाकर्मियों ने इलाके को घेर लिया और यात्रियों को सुरक्षित स्थान पर भेजा गया। थोड़े समय बाद स्थिति को पूरी तरह नियंत्रण में ले लिया गया। अब एयरपोर्ट पर सभी उड़ानें सामान्य रूप से संचालित हो रही हैं।
दिल्ली एयरपोर्ट की अहमियतदिल्ली का इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा देश का सबसे व्यस्ततम हवाई अड्डा माना जाता है। यहां तीन टर्मिनल और चार रनवे हैं, जो प्रतिवर्ष 10 करोड़ से अधिक यात्रियों को संभालने की क्षमता रखते हैं। टर्मिनल-3 (T3) अंतरराष्ट्रीय और घरेलू दोनों उड़ानों के लिए उपयोग किया जाता है और सालाना करीब 4 करोड़ यात्रियों को सेवा प्रदान करता है।
हाल ही में बढ़ाई गई सुविधाएंपिछले सप्ताह ही एयरपोर्ट प्रशासन ने टर्मिनल-2 (T2) का नवीनीकरण कार्य पूरा कर इसे फिर से शुरू किया है। नई तकनीक और यात्री सुविधा केंद्रों के साथ अब हवाई अड्डे की दक्षता और क्षमता में बढ़ोतरी हुई है। अधिकारियों का कहना है कि इससे यात्रियों को बेहतर अनुभव और तेज़ सेवाएं मिलेंगी।
जांच जारीफिलहाल AI SATS की बस में आग लगने की घटना को लेकर जांच जारी है। एयरपोर्ट प्राधिकरण ने सुरक्षा मानकों की समीक्षा करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचाव के लिए अतिरिक्त कदम उठाने के निर्देश दिए हैं।