राजस्थान: टिकट न मिलने से नाराज ज्ञानदेव आहूजा ने बीजेपी छोड़ी, निर्दलीय चुनाव लड़ने की घोषणा

भाजपा से टिकट नहीं मिलने से नाराज बीजेपी के विधायक एवं हिन्दूवादी नेता ज्ञानदेव आहूजा (Gyan Dev Ahuja) ने रविवार को भाजपा से त्यागपत्र दे दिया और जयपुर के सांगानेर विधानसभा क्षेत्र से निर्दलीए चुनाव लड़ने की घोषणा कर दी है। हिन्दुत्व के मुद्दे पर चुनाव लड़ने वाले आहूजा सोमवार को सांगानेर विधानसभा क्षेत्र से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में अपना नामांकन पत्र दाखिल करेंगे। आहूजा (Gyan Dev Ahuja) ने बताया कि उन्होंने अपना त्यागपत्र भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष मदनलाल सैनी को भेज दिया है। सोशल मीडिया पर जानकारी देते हुए ज्ञानदेव आहूजा ने कहा है कि 'भाजपा के तानाशाही दृष्टिकोण के खिलाफ विरोध करते हुए, मैंने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। मैं राम जन्माभूमि, गाय संरक्षण और हिंदुत्व जैसे मुद्दों पर एक स्वतंत्र के रूप में चुनाव लड़ूंगा।'

उन्होंने कहा, ‘‘पार्टी ने बिना मुझे विश्वास में लिये मेरा टिकट काट दिया। मुझे टिकट काटने के बारे में कोई कारण नहीं बताया गया। अपने समर्थकों और परिजनों के दबाव में मैंने पार्टी से त्यागपत्र दे दिया और अब सांगानेर विधानसभा सीट पर चुनाव लड़ूंगा'।

आहूजा वर्तमान में अलवर जिले के रामगढ़ से भाजपा के विधायक हैं और अब वह जयपुर की सांगानेर विधानसभा सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ेंगे। 2013 के विधानसभा चुनाव में सांगानेर से घनश्याम तिवाड़ी ने जीत दर्ज की थी। तिवाड़ी ने मुख्यमंत्री के साथ मनमुटाव के चलते पार्टी छोड़ नई पार्टी का गठन किया था। उन्होंने कहा, ‘‘पार्टी द्वारा अलवर के रामगढ़ से अन्य उम्मीदवार को टिकट दिये जाने के बाद मैंने जयपुर के सांगानेर से टिकट मांगा था लेकिन पार्टी ने मेरी मांग नहीं मानी, इसलिये मैंने सांगानेर से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ने का निर्णय किया है।'' आहूजा ने कहा कि वह गौरक्षा, राम जन्मभूमि पर राम मंदिर निर्माण और हिंदुत्व के मुद्दों पर वह चुनाव लड़ेंगे।