रविवार सुबह करीब 11 बजे दिल्ली-मुंबई राष्ट्रीय राजमार्ग पर सिरमौर गांव के पास पिकअप वाहन सवार गौतस्कर पुलिस की नाकाबंदी तोड़कर भाग निकले। सुबह गौतस्करों के निकलने की सूचना पर पुलिस ने सिरमौर गांव के समीप नाकाबंदी कर दी। गौतस्करों की पिकअप नाकाबंदी के समीप पहुंची। पुलिस से बेखौफ गौतस्कर नाकाबंदी तोड़ भाग निकले। करीब 15 किलोमीटर पीछा कर पुलिस ने इनमें से 4 तस्करों को रामगढ़ कस्बे के समीप ग्रामीणों की मदद से पकड़ लिया। दिन के समय हाइवे पर पुलिस और गौतस्करों के वाहनों की तेज रफ्तार भागमभाग से आसपास के लोग दहशत में आ गए। गौतस्करों के पकड़े जाने के बाद लोगों को माजरा समझ आया।
पुलिस ने बताया कि 3 गौतस्कर हरियाणा के रहने वाले हैं। इनमें पिकअप चला रहा अब्दुल सत्तार पुत्र सुभान खान निवासी रनियाला पटाकपुर थाना नूंह मेवात गौतस्करी के मामले में 2013 से फरार घोषित है। वाहन में सवार पहलाद पुत्र रणजीत सिंह बावरिया निवासी घाटमिका थाना पहाड़ी, आजाद पुत्र रशीद खान एवं मुस्तफा पुत्र इसराइल मेव निवासी रूपडाका थाना उटावड़ मोड़ जिला पलवल हरियाणा को भी गिरफ्तार किया गया है। नाकाबंदी तोड़ने के बाद चालक अब्दुल सत्तार ने सिरमौर से रामगढ़ की 15 किलोमीटर की दूरी मात्र 15 मिनट में तय कर ली। चालक सत्तार तेज रफ्तार से पिकअप दौड़ाता रहा। रास्ते में कई गांव पड़े, लेकिन गौ तस्करों ने पिकअप को धीमा नहीं किया। ना ही पुलिस की गाड़ी को आगे आने दिया।एएसआई नरेंद्र सिंह के साथ चालक नाहर सिंह, कांस्टेबल राजेश, पवन एवं सुगन आदि गौ तस्करों के वाहन का पीछा करने में साथ रहे। पकड़े जाने के बाद गौतस्करों के टाटा 709 पिकअप वाहन की तलाशी में केबिन से 50-50 लीटर अवैध कच्ची शराब भरी 2 कैन, केबिन के ऊपर छोटे पत्थर भरे हुए मिले। वाहन में गोवंश नहीं मिला लेकिन पशुओं का गोबर व रस्से का टुकड़ा बरामद हुआ।