JNU में लेफ्ट विंग के छात्रों का हंगामा, VC बोले- करीब सौ छात्र मेरे आवास में घुस गए, मेरी पत्नी को बनाया बंधक

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) प्रशासन के खिलाफ सात दिन से भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों का समर्थन करने वाले विद्यार्थियों ने सोमवार देर शाम वाइस चांसलर जगदीश कुमार के आवास का घेराव किया। जगदीश कुमार ने आरोप लगाया है कि उनके घर में तोड़फोड़ की गई, गेट तोड़ दिया और पत्नी को बंधक बना लिया।

कुलपति एम जगदीश कुमार ने रात करीब नौ बजे ट्वीट कर कहा कि करीब सौ छात्र मेरे आवास में घुस गए। गेट को तोड़ दिया। मेरी पत्नी घर में अकेली थीं और उन्हें इन छात्रों ने घर के अंदर बंद कर दिया। वह इस घटना से भयभीत हो गई हैं। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
दिल्ली पुलिस के मुताब‍ि‍क, सोमवार शाम जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के वीसी के घर तक मार्च निकालने का आह्वान किया गया था। छात्र उसके घर पहुंचे और घुसने की कोशिश की। उन्हें सुरक्षा कर्मचारियों ने रोक दिया। अब तक अधिकांश छात्र अपने छात्रावास में वापस चले गए हैं। हालात काबू में हैं।

जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में सोमवार शाम लेफ्ट विंग के छात्रों के कथित हंगामे के बाद अब जेएनयू छात्र संघ ने अपना स्पष्टीकरण करते हुए कहा कि मार्च को हिंसक बता छात्रों को बदनाम किया जा रहा है। छात्र केवल मिलकर वाइस चांसलर से कुछ सवाल पूछना चाहते थे लेकिन गार्डों ने उनके साथ मारपीट की। छात्र पिछले 7 दिनों से भूख हड़ताल पर हैं। जब इस बाबत छात्र वीसी से मिलने उनसे मिलने पहुंचे तो वहां नहीं मिले। साथ ही जेएनयू प्रशासन के व्यवहार को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है।छात्र संघ का यह भी कहना है कि जेएनयू छात्र संघ अध्यक्ष एन साई बालाजी घटनास्थल पर ही बेहोश हो गए जिन्हें बाद में अस्पताल में भर्ती कराया गया। अभी भी उनकी हालत स्थिर बनी हुई है। 11 छात्र पिछले 7 दिनों से भूख हड़ताल पर हैं और उनकी तबियत लगातार खराब हो रही है। पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष गीता कुमारी को ह्रदय गति और लो ब्लड प्रेशर की शिकायत बढ़ गई है। पू्र्व संयुक्त सचिव सुभांशु को पीलिया हो गया है वहीं कई अन्य छात्र भी बीमार पड़ गए हैं। छात्र संघ ने विश्वविद्यालय प्रशासन ने अपील की है कि वाइस चांसलर छात्रों से मुलाकात करें और संस्थान की छवि धूमिल होने से बचाएं।