रिश्वत सरकारी सिस्टम को खोंखला करती जा रही हैं और जब कानून के रक्षक ही उसके भक्षक बन जाए तो समाज का क्या होगा। ऐसा ही कुछ देखने को मिला दौसा में जहां एसीबी ने गुरुवार को एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। मंडावर पुलिस थाने में एक लाख की लूट करने वाले आरोपी से SHO और हेड कांस्टेबल ने 20 हजार की रिश्वत ली जिस दौरान एसीबी ने उन्हेंट्रेप कर लिया।
परिवादी ने एसीबी में पहुंचकर शिकायत दर्ज करवाई थी कि मंडावर में एक महिला से हुई लूट के मामले में उसका भाई बने सिंह आरोपी है। बने सिंह का रिमांड नहीं लेने और राजीनामा कराने के लिए 40 हजार की रिश्वत की मांग की जा रही थी। एसीबी के द्वारा 9 फरवरी को मामले का सत्यापन करवाया गया। इसमें कांस्टेबल भूपेंद्र सिंह ने 20 हजार की रिश्वत ली। इसके बाद परिवादी दूसरी किश्त लेकर एसएचओ के पास गया। एसएचओ ने हवालात में बंद बने सिंह को ही पैसे देने के लिए बोल दिया। कहा- अपने भाई को ही दे दो। उसने वह राशि आरोपी बने सिंह को ही दे दी। इसके बाद मौके पर पहुंची एसीबी की टीम ने एसएचओ और हैड कांस्टेबल को गिरफ्तार किया।ये था मामला
मंडावर कस्बे के मुख्य बाजार में 2 फरवरी दोपहर पैदल जा रही एक महिला से मोटरसाइकिल सवार बदमाश एक लाख सात हजार रुपए छीन कर भाग गए थे। इस दौरान महिला रुपयों को बचाने के चक्कर मे नीचे गिर गई। घटना के तुरंत बाद लोगों ने महिला एवं उसकी बेटी को संभाला और पुलिस को सूचना दी। मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। दोनों से लूट की रकम भी बरामद कर ली गई थी।