भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और मुख्य कोच राहुल द्रविड़ अपनी शांत छवि और क्रिकेट के मैदान पर शानदार प्रदर्शन के लिए पहचाने जाते हैं। क्रिकेट से जुड़ी जिम्मेदारियों के अलावा उनकी फिटनेस भी चर्चा का विषय रहती है। 53 साल की उम्र में भी सक्रिय रहने के लिए नियमित व्यायाम, संतुलित खानपान और अनुशासित दिनचर्या महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
अक्सर देखा जाता है कि खिलाड़ी अपने खेल से संन्यास लेने के बाद पहले जैसी शारीरिक गतिविधियां नहीं कर पाते। व्यस्त दिनचर्या, व्यायाम में कमी और खानपान पर ध्यान न देने से उनकी फिटनेस प्रभावित हो सकती है। ऐसे में नियमित आदतों को बनाए रखना जरूरी हो जाता है। राहुल द्रविड़ की फिटनेस से जुड़ी दिनचर्या में भी नियमित कसरत और सादा खानपान जैसे पहलुओं पर जोर दिया जाता है।
फिट रहने के लिए हर दिन घंटों जिम में बिताना या बहुत भारी वजन उठाना ही जरूरी नहीं है। अपनी उम्र, क्षमता और शारीरिक जरूरत के हिसाब से व्यायाम करना ज्यादा महत्वपूर्ण है। नियमितता के साथ की गई शारीरिक गतिविधि और खानपान में संतुलन बनाए रखना लंबे समय तक सक्रिय रहने में मदद कर सकता है।
शारीरिक फिटनेस के साथ मानसिक सेहत भी है जरूरी
राहुल द्रविड़ को क्रिकेट के मैदान पर उनके धैर्य और शांत स्वभाव के कारण ‘द वॉल’ कहा जाता था। फिटनेस की बात करें तो शारीरिक रूप से सक्रिय रहने के साथ मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखना भी जरूरी है। लगातार तनाव में रहने, पर्याप्त आराम न मिलने और काम के दबाव के कारण व्यक्ति की दिनचर्या प्रभावित हो सकती है। शारीरिक फिटनेस और मानसिक सेहत एक-दूसरे से जुड़ी हैं। नियमित व्यायाम, पर्याप्त नींद और संतुलित जीवनशैली तनाव को संभालने में मदद कर सकते हैं। इसलिए केवल शरीर को फिट रखने पर ध्यान देने के बजाय मानसिक रूप से स्वस्थ रहने के लिए भी समय निकालना चाहिए।
फिटनेस के लिए राहुल द्रविड़ की दिनचर्या से जुड़ी 3 आदतें
1. सुबह जल्दी उठना और रनिंग करनासुबह जल्दी उठकर दिन की शुरुआत शारीरिक गतिविधि से करना एक अनुशासित दिनचर्या बनाने में मदद कर सकता है। राहुल द्रविड़ के फिटनेस रूटीन से जुड़ी जानकारी में सुबह करीब 6 बजे उठने और दौड़ने का जिक्र किया जाता है। नियमित दौड़ना शरीर को सक्रिय रखने का एक तरीका है। अगर आपके पास जिम जाने के लिए पर्याप्त समय नहीं है, तो अपनी क्षमता के अनुसार पैदल चलना या दौड़ना दिनचर्या में शामिल कर सकते हैं। शुरुआत में बहुत तेज दौड़ने या लंबी दूरी तय करने के बजाय अपनी सहनशक्ति के हिसाब से गतिविधि चुनना बेहतर रहता है।
रनिंग से पैरों की मांसपेशियों को सक्रिय रखने और शारीरिक सहनशक्ति बढ़ाने में मदद मिल सकती है। सुबह बाहर निकलकर चलने या दौड़ने से दिन की शुरुआत भी व्यवस्थित हो सकती है। हालांकि, हर व्यक्ति की शारीरिक क्षमता अलग होती है, इसलिए व्यायाम की गति और अवधि अपनी जरूरत के अनुसार तय करनी चाहिए।
2. भारी वजन के बजाय नियमित स्ट्रेंथ ट्रेनिंग और हल्का कार्डियो
फिट रहने के लिए हर बार बहुत भारी वजन उठाना जरूरी नहीं है। राहुल द्रविड़ की फिटनेस दिनचर्या से जुड़ी जानकारी में स्ट्रेंथ ट्रेनिंग के साथ हल्के वजन और कार्डियो पर ध्यान देने का उल्लेख मिलता है। नियमित व्यायाम का उद्देश्य शरीर की क्षमता को बनाए रखना और उसे सक्रिय रखना होना चाहिए।
स्ट्रेंथ ट्रेनिंग मांसपेशियों की ताकत बनाए रखने में मदद करती है, जबकि कार्डियो गतिविधियां हृदय और फेफड़ों की सेहत के लिए उपयोगी होती हैं। अपनी क्षमता के अनुसार दोनों तरह के व्यायाम को दिनचर्या में शामिल किया जा सकता है।
राहुल द्रविड़ के बारे में उपलब्ध जानकारी में सप्ताह में कम से कम तीन बार जिम जाकर व्यायाम करने का भी जिक्र है। हालांकि, हर व्यक्ति के लिए व्यायाम की सही आवृत्ति और तीव्रता अलग हो सकती है। इसलिए दूसरों की दिनचर्या की नकल करने के बजाय अपनी उम्र, स्वास्थ्य और फिटनेस के स्तर के अनुसार व्यायाम चुनना चाहिए। जिम में ज्यादा समय बिताने के बजाय सही तकनीक से नियमित व्यायाम करना अधिक उपयोगी हो सकता है। यदि आप शुरुआत कर रहे हैं, तो हल्के व्यायाम से आगे बढ़ें और धीरे-धीरे अपनी क्षमता विकसित करें।
3. खानपान में पौष्टिक चीजों को प्राथमिकता देनाफिटनेस बनाए रखने के लिए व्यायाम के साथ खानपान पर ध्यान देना भी जरूरी है। राहुल द्रविड़ की डाइट से जुड़ी जानकारी में प्रोटीन और फाइबर से भरपूर खाद्य पदार्थों को प्राथमिकता देने की बात कही जाती है। नट्स और ड्राई फ्रूट्स जैसे विकल्प स्नैक्स में शामिल किए जा सकते हैं, जबकि मुख्य भोजन में सलाद, सब्जियां, दाल और रोटी जैसी चीजें संतुलित आहार का हिस्सा बन सकती हैं।
प्रोटीन शरीर की मांसपेशियों के रखरखाव में मदद करता है, जबकि फाइबर पाचन और पेट भरा रहने के एहसास के लिए उपयोगी होता है। इसलिए अपने भोजन में अलग-अलग तरह के पौष्टिक खाद्य पदार्थ शामिल करना अच्छा विकल्प है। राहुल द्रविड़ की डाइट के बारे में यह भी बताया जाता है कि वह चीनी और जंक फूड से दूरी रखते हैं। अतिरिक्त चीनी और अत्यधिक प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थों का सेवन सीमित करना संतुलित खानपान की दिशा में उपयोगी कदम हो सकता है। हालांकि, किसी व्यक्ति की पूरी डाइट और उसकी मात्रा उसकी जरूरतों, गतिविधियों और स्वास्थ्य पर निर्भर करती है। रोजमर्रा के भोजन में संतुलन बनाए रखना, पौष्टिक विकल्प चुनना और नियमित शारीरिक गतिविधि करना फिटनेस को बेहतर बनाए रखने में मदद कर सकता है।