दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन के बाद अभिनेत्री तनुश्री दत्ता के बयान और सोशल मीडिया पोस्ट चर्चा में हैं। नाना पाटेकर का 8 अक्टूबर को 75 साल की उम्र में निधन हो गया। उनके जाने के बाद जहां फिल्म जगत से जुड़े लोग और प्रशंसक उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं, वहीं तनुश्री की एक टिप्पणी ने पुराने विवाद को फिर चर्चा में ला दिया है। अभिनेत्री ने सोशल मीडिया पर बिना किसी का नाम लिए लिखा था कि बुराई खत्म हो गई है। इसके बाद उन्होंने कथित दुर्व्यवहार से जुड़े अपने पुराने मुद्दे पर एक और पोस्ट साझा की, जिस पर लोगों की प्रतिक्रियाएं बंटी हुई नजर आईं।
नाना पाटेकर के निधन के दिन तनुश्री ने क्या कहा था?नाना पाटेकर के निधन की खबर जिस दिन सामने आई, उस दिन तनुश्री दत्ता लखनऊ में एक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए रवाना हो रही थीं। उन्होंने विमान में सवार होने का वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया था। इस वीडियो के साथ अभिनेत्री ने बताया कि उन्हें अभिनेता के निधन की जानकारी मिल गई है, लेकिन उस दिन उनके कुछ काम पहले से तय थे। उन्होंने कहा था कि फिलहाल वह अपने निर्धारित कार्यक्रम पर ध्यान देना चाहती हैं और बाद में सोचेंगी कि इस खबर पर क्या प्रतिक्रिया देनी है। इसके बाद तनुश्री ने इंस्टाग्राम स्टोरी पर लिखा, “यह तो हैरान करने वाला है! आज मेरी स्टोरी टाइमलाइन पर जबरदस्त प्रतिक्रिया आ रही है। बुराई खत्म हो गई है और उम्मीद है कि अब मेरी जिंदगी बेहतर दिशा में आगे बढ़ेगी।” इस पोस्ट में उन्होंने नाना पाटेकर का नाम सीधे तौर पर नहीं लिया था। हालांकि, अभिनेता के निधन के दिन यह टिप्पणी सामने आने के कारण सोशल मीडिया पर इसे उनकी मौत से जोड़कर देखा गया और विवाद शुरू हो गया।
‘अब्यूजर’ से जुड़े पोस्ट में क्या था?पहली टिप्पणी के बाद तनुश्री ने एक ऐसी पोस्ट दोबारा साझा की, जिसमें यह सवाल उठाया गया था कि किसी व्यक्ति की मृत्यु के बाद उसके कथित दुर्व्यवहार का असर क्या खत्म हो जाता है। पोस्ट का आशय था कि किसी के दुनिया से चले जाने से दूसरे लोगों को उसके कारण पहुंची तकलीफ अपने आप मिट नहीं जाती। अभिनेत्री ने एक वीडियो भी साझा किया, जिसमें नाना पाटेकर को ‘लीजेंड’ कहने वालों की आलोचना की गई थी। वीडियो में अभिनेता पर लगे यौन उत्पीड़न के आरोपों का भी उल्लेख था। इन पोस्ट के सामने आने के बाद तनुश्री और नाना पाटेकर से जुड़े पुराने विवाद पर एक बार फिर चर्चा शुरू हो गई।
सोशल मीडिया पर क्यों हो रही है तनुश्री की आलोचना?तनुश्री की टिप्पणियों पर कई सोशल मीडिया यूजर्स ने नाराजगी जताई। कुछ लोगों का कहना था कि नाना पाटेकर अब अपना पक्ष रखने के लिए मौजूद नहीं हैं, इसलिए उनके निधन के बाद इस तरह की टिप्पणियां करने से बचना चाहिए। कुछ यूजर्स ने अभिनेत्री के शब्दों को असंवेदनशील बताया और उन्हें पुराने विवाद से आगे बढ़ने की सलाह दी। हालांकि, इस मुद्दे पर सभी की राय एक जैसी नहीं है। कुछ लोगों का कहना है कि किसी व्यक्ति की मृत्यु के बाद भी कथित उत्पीड़न के अनुभवों पर बात करने का अधिकार खत्म नहीं हो जाता। उनके मुताबिक, किसी के निधन से उन लोगों के अनुभव अपने आप अप्रासंगिक नहीं हो जाते, जिन्होंने उसके खिलाफ आरोप लगाए हों। इस तरह सोशल मीडिया पर बहस केवल तनुश्री के बयान को लेकर नहीं, बल्कि इस सवाल पर भी केंद्रित है कि किसी विवाद से जुड़े व्यक्ति के निधन के बाद उसके अतीत और उस पर लगे आरोपों पर किस तरह चर्चा की जानी चाहिए।
2018 में मीटू आंदोलन के दौरान सामने आया था विवादतनुश्री दत्ता और नाना पाटेकर के बीच विवाद वर्ष 2018 में मीटू आंदोलन के दौरान चर्चा में आया था। उस समय अभिनेत्री ने आरोप लगाया था कि वर्ष 2009 में फिल्म ‘हॉर्न ओके प्लीज’ की शूटिंग के दौरान नाना पाटेकर ने उनके साथ अनुचित व्यवहार किया था। तनुश्री के मुताबिक, फिल्म के एक गाने की शूटिंग के दौरान उन्होंने एक अंतरंग डांस स्टेप का विरोध किया था, जो उनके अनुसार पहले से तय नहीं था। अभिनेत्री ने इस मामले में नाना पाटेकर के खिलाफ शिकायत भी दर्ज कराई थी। अभिनेता ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया था। मामले में पुलिस ने एफआईआर दर्ज की थी, लेकिन वर्ष 2019 में पर्याप्त सबूत नहीं मिलने के कारण केस बंद कर दिया गया। इसके बाद वर्ष 2025 में मुंबई की अंधेरी मजिस्ट्रेट अदालत ने कानूनी समय-सीमा से जुड़ी वजहों के चलते आपराधिक कार्यवाही खारिज कर दी थी। नाना पाटेकर के निधन के बाद तनुश्री की नई पोस्ट ने इस पुराने विवाद को फिर सार्वजनिक चर्चा में ला दिया है। जहां कुछ लोग उनके बयान की आलोचना कर रहे हैं, वहीं कुछ का मानना है कि मृत्यु के बाद भी कथित दुर्व्यवहार के आरोपों और उनसे जुड़े अनुभवों पर बात की जा सकती है।