मुश्ताक खान की जिंदगी का वो खौफनाक किस्सा, 12 घंटे बंधक रहे, मांगी गई थी 1 करोड़ की फिरौती; अजान सुनकर बचाई जान

हिंदी सिनेमा के अभिनेता मुश्ताक खान के निधन की खबर के साथ उनकी जिंदगी से जुड़ा एक बेहद मुश्किल दौर भी फिर चर्चा में है। ‘वेलकम’, ‘गदर’, ‘स्त्री 2’ और ‘आशिकी’ जैसी फिल्मों में काम कर चुके मुश्ताक खान को नवंबर 2024 में एक अवॉर्ड कार्यक्रम में शामिल होने के बहाने मुंबई से दिल्ली बुलाया गया था। दिल्ली पहुंचने के बाद उन्हें मेरठ ले जाया गया, जहां हथियारबंद लोगों ने उन्हें करीब 12 घंटे तक बंधक बनाकर रखा। इस दौरान उनसे करीब 1 करोड़ रुपये की फिरौती मांगी गई थी।

मुश्ताक ने बाद में अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया था कि किस तरह एक सामान्य दिखने वाला कार्यक्रम उनके लिए अपहरण का जाल बन गया। इस पूरे घटनाक्रम में आखिरकार एक अजान की आवाज उनके लिए बाहर निकलने का रास्ता बनी।

अवॉर्ड फंक्शन के नाम पर आया था फोन

मुश्ताक के मुताबिक कलाकारों को अक्सर अलग-अलग कार्यक्रमों और अवॉर्ड समारोहों में मुख्य अतिथि के तौर पर बुलाया जाता है। इसी तरह उनके पास राहुल सैनी नाम के एक शख्स का फोन आया था। उसने खुद को मुश्ताक से पहले मिल चुका व्यक्ति बताया और मेरठ में आयोजित होने वाले एक कार्यक्रम में शामिल होने का प्रस्ताव दिया।

बताया गया था कि कार्यक्रम में अलग-अलग क्षेत्रों के कलाकारों, खासकर वरिष्ठ कलाकारों को सम्मानित किया जाएगा। बातचीत के बाद मुश्ताक की फीस करीब 75 हजार रुपये तय हुई। भरोसा कायम करने के लिए उनके बैंक खाते में 25 हजार रुपये एडवांस भी भेजे गए। इसके अलावा मुंबई से दिल्ली जाने और अगले दिन वापस लौटने की फ्लाइट टिकट भी उपलब्ध कराई गई।

इन तैयारियों की वजह से मुश्ताक को शुरुआत में किसी खतरे का अंदाजा नहीं हुआ। उन्हें लगा कि वह एक सामान्य कार्यक्रम के लिए दिल्ली जा रहे हैं।

दिल्ली एयरपोर्ट से ही बदल गया पूरा खेल

नवंबर 2024 में मुश्ताक कार्यक्रम के सिलसिले में दिल्ली पहुंचे। एयरपोर्ट पर उन्हें लेने के लिए एक कार आई। शुरुआत में सफर सामान्य रहा, लेकिन कुछ समय बाद ड्राइवर ने रास्ता बदल दिया। कार कार्यक्रम स्थल की ओर जाने के बजाय मेरठ की तरफ बढ़ने लगी।

इसके बाद हथियार लेकर आए कुछ लोगों ने मुश्ताक को अपने कब्जे में ले लिया। उनका चेहरा ढक दिया गया और उन्हें एक कमरे में ले जाया गया, जहां पहले से कई लोग मौजूद थे। मुश्ताक के मुताबिक, उस समय उन्हें समझ आ गया था कि वह किसी साजिश में फंस चुके हैं।
इसके बाद उनके सामने फिरौती की मांग रखी गई।

1 करोड़ रुपये मांगे, फिल्मों की कमाई का दिया हवाला

अपहरणकर्ताओं ने मुश्ताक खान से करीब 1 करोड़ रुपये की फिरौती मांगी थी। जब उन्होंने इतनी बड़ी रकम देने में असमर्थता जताई तो बदमाशों ने उनकी बात पर विश्वास नहीं किया।

मुश्ताक के मुताबिक, उनका तर्क था कि जो अभिनेता सलमान खान, अमिताभ बच्चन, शाहरुख खान और अजय देवगन जैसे बड़े सितारों के साथ काम कर चुका है, उसके पास करोड़ों रुपये जरूर होंगे। बदमाशों ने उनकी फिल्म ‘गदर 2’ की कमाई का भी जिक्र किया था।

उनका मानना था कि जब फिल्म ने सैकड़ों करोड़ रुपये कमाए हैं, तो उसमें काम करने वाले कलाकार को भी करोड़ों रुपये मिले होंगे। मुश्ताक ने उन्हें समझाने की कोशिश की थी कि किसी फिल्म की पूरी कमाई कलाकारों को नहीं मिलती। कलाकारों की फीस पहले से तय होती है और उन्हें उसी के अनुसार भुगतान किया जाता है।

लेकिन उनकी सफाई के बावजूद बदमाश उनकी बात मानने को तैयार नहीं थे।

12 घंटे तक बंधक रहे मुश्ताक

मुश्ताक के अनुसार उन्हें करीब 12 घंटे तक बंधक बनाकर रखा गया। इस दौरान उनके साथ मारपीट और प्रताड़ना किए जाने की बात भी सामने आई थी। बदमाश उनसे और उनके परिवार से पैसे हासिल करने की कोशिश कर रहे थे।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, मुश्ताक और उनके बेटे के बैंक खातों से कुल मिलाकर 2 लाख रुपये से ज्यादा की रकम भी ट्रांसफर की गई थी।

उस दौरान मुश्ताक लगातार इस बात का रास्ता तलाश रहे थे कि किसी तरह वहां से बाहर निकल सकें। फिल्मों में अलग-अलग किरदार निभाने वाले अभिनेता के लिए यह घटना उनकी अपनी जिंदगी का ऐसा अनुभव बन गई थी, जिसमें उन्हें वास्तविक खतरे के बीच रास्ता तलाशना था।

सुबह की अजान ने दिखाई बाहर निकलने की राह

इस पूरी घटना में सबसे अहम मोड़ सुबह करीब पौने छह बजे आया। मुश्ताक ने अजान की आवाज सुनी। उन्हें अंदाजा हुआ कि आसपास कोई मस्जिद मौजूद है। यही आवाज उनके लिए उम्मीद की वजह बनी।

जब अपहरणकर्ता सो गए तो मुश्ताक ने वहां से निकलने का मौका तलाशा। वह किसी तरह उनके चंगुल से बाहर निकलने में सफल हुए और पास की मस्जिद तक पहुंचे। वहां उन्होंने मौजूद लोगों से मदद मांगी।

इसके बाद स्थानीय लोगों की सहायता से उनके परिवार से संपर्क किया गया। बाद में पुलिस की मदद से मुश्ताक सुरक्षित अपने घर लौट सके।

मुश्ताक खान के निधन के बाद उनके फिल्मी सफर के साथ उनकी जिंदगी का यह अध्याय भी चर्चा में है। एक अवॉर्ड फंक्शन के निमंत्रण से शुरू हुआ यह घटनाक्रम उनके लिए करीब 12 घंटे तक चले बंधक बनाए जाने और फिरौती की मांग तक पहुंच गया था। आखिरकार सुबह सुनी गई अजान की आवाज ने उन्हें आसपास मदद मिलने की उम्मीद दी और वह वहां से निकलने में सफल हुए।