26 करोड़ का बजट, बनने में लगे 5 साल, 25 दिन में 177 करोड़ की बंपर कमाई, केरल की बाढ़ पर बनी इस फिल्म ने बना दिए कई रिकॉर्ड

बॉलीवुड के अलावा साउथ की फिल्म इंडस्ट्री ने भी बीते सालों में काफी तरक्की की है और दर्शकों के दिलों में अपनी खास जगह बना ली है। इसके साथ-साथ मलयालम फिल्मों की भी हर जगह धूम रही है, जो अब सिर्फ क्षेत्रीय नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय पहचान बनती जा रही हैं। ऐसी ही एक मलयालम फिल्म 2023 में रिलीज हुई थी जिसने हर किसी को भावुक कर दिया था। दिल को छू लेने वाली इस फिल्म ने ना सिर्फ बॉक्स ऑफिस पर सफलता पाई, बल्कि लोगों के दिलों में भी अपनी अमिट छाप छोड़ दी।

महज 26 करोड़ में बनी इस फिल्म ने रिलीज होते ही झंडे गाड़ दिए और बॉक्स ऑफिस पर केवल 25 से 30 दिनों में 177 करोड़ की कमाई करके मेकर्स को मालामाल कर डाला था। इतनी बड़ी सफलता किसी सपने से कम नहीं थी। खास बात ये रही कि जूड एंथनी जोसेफ के निर्देशन में बनी इस फिल्म को बेस्ट इंटरनेशनल फिल्म के लिए ऑफिशियल एंट्री भी मिली थी, जो खुद एक गौरव की बात थी। 2018 में केरल में आई विनाशकारी बाढ़ की दर्दनाक कहानी पर आधारित यह फिल्म हर दर्शक की आंखों को नम कर गई।
फिल्म को ऑस्कर में मिली थी ऑफिशियल एंट्री

जी हां, बात हो रही है '2018: एवरीवन इज ए हीरो' की। फिल्म इतनी शानदार बनी थी कि कई बड़ी बॉलीवुड फिल्मों को पीछे छोड़कर इंडिया की विशेष जूरी ने इसे 96वें ऑस्कर अवार्ड के लिए भेजा। यह आमिर खान की 'लगान' (2002) के बाद पहली फिल्म बनी जिसे बेस्ट विदेशी फिल्म श्रेणी में भारत से आधिकारिक नामांकन मिला। इसके कंटेंट, प्रस्तुतिकरण और इमोशनल अपील ने दर्शकों का दिल जीत लिया और यह 2023 की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली मलयालम फिल्म बन गई। बाद में इसे हिंदी में भी डब किया गया, जिससे हिंदी भाषी दर्शक भी इसके मुरीद बन गए।

कोरोना के चलते रुक गई थी फिल्म की शूटिंग

फिल्म के कथानक में केरल की बाढ़ को बहुत ही मानवीय नजरिए से दिखाया गया है — जहां एक आम इंसान अपनी सूझबूझ और इंसानियत के बल पर मुसीबतों से लड़ता है। फिल्म ऐसे लोगों की कहानी दिखाती है जो जान जोखिम में डालकर अपनों को बचाने निकलते हैं। इसमें टोविनो थॉमस, आसिफ अली और अपर्णा बालमुरली जैसे मंझे हुए कलाकार थे। साथ ही कुंचाको बोबन, विनीत श्रीनिवासन, नारायण और लाल जैसे सितारों ने भी फिल्म में अहम किरदार निभाए। फिल्म की शूटिंग के दौरान ही कोरोना महामारी आ गई थी, जिससे प्रोजेक्ट कई बार अटका और आखिरकार पांच साल में पूरी हो पाई। लेकिन जब फिल्म रिलीज हुई, तो दर्शकों ने इसे सिर आंखों पर बिठा लिया।