उत्तर प्रदेश में कोरोना का कहर अभी जारी है। 19 मई को राज्य में कोरोना पॉजिटिव मामले 4,926 थे, जबकि शनिवार को यह संख्या 6017 तक पहुंच गई। कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा प्रवासी मजदूरों के कारण बढ़ा है। ये प्रवासी मजदूर शनिवार तक 1,423 की संख्या में सक्रंमित हो चुके हैं। उत्तर प्रदेश की राजधानी में शनिवार को 12 लोगों में कोरोना की पुष्टि हुई है। इसमें रेलवे अस्पताल की अटेंडेट समेत 11 और लोगों में संक्रमण मिला है। इसमें एक मरीज प्रतापगढ़ निवासी व एक कानपुर निवासी है।
जिला नोडल ऑफीसर कोविड डॉ केपी त्रिपाठी के मुताबिक एक रेलवे अस्पताल की अटेंडेट में वायरस की पुष्टि हुई है। इसके अलावा आठ प्रवासी मजदूर हैं। यह बीकेटी, निगोहा, मलिहाबाद व आलमबाग के क्वारंटाइन सेंटर में ठहरे थे। वायरस की पुष्टि के बाद सभी को लोहिया संस्थान में भर्ती कराया गया है।
वहीं, एक युवती मुंबई से लौटी थी। यह गोमतीनगर निवासी है। इसमें भी वायरस की पुष्टि हुई है। साथ ही एक महिला कानपुर के फहीमाबाद निवासी है। वहीं, एक प्रतापगढ़ का रहने वाला है। ऐसे में अब राजधानी में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या 323 तक पहुंच गई है। कानपुर और प्रतापगढ़ की संख्या लखनऊ में नहीं जोड़ी जाएगी। अगर दोनों की जोड़ते है तो यहां मरीजों की संख्या 325 तक पहुंच गई है।
शहर के कुल पॉजिटिव दस मरीजों में से पांच एक ही परिवार के हैं। इसमें तीन महिला, एक किशोरी व एक पुरुष है। सीएमओ की टीम ने शनिवार को सिफतनगर, लोधपुरवा , गोसाईगंज क्षेत्र में संक्रमण से मुक्ति का अभियान चलाया। इस दौरान टीम ने 278 घर का भ्रमण किया।
अस्पताल का 22 स्टाफ क्वारंटाइन
सिविल अस्पताल में शुक्रवार को संक्रमित मिली नरही की महिला के संपर्क में आने वाले सिविल अस्पताल के डॉक्टर, नर्स, पैरामेडिकल स्टाफ व गार्ड एवं सफाईकर्मी समेत कुल 22 लोगों को शनिवार को क्वारंटाइन कर दिया गया है। महिला जिस वार्ड में भर्ती थी, वह शुक्रवार को ही सील करा दिया गया था। साथ ही संक्रमित महिला को लोकबंधु अस्पताल में भर्ती करा दिया गया था।
इधर, महिला के साथ भर्ती मरीजों को अलग-अलग आइसोलेट न करके दूसरे मरीजों के साथ रख दिया गया। इससे अन्य मरीजों में भी संक्रमण की आशंका बनी हुई है।
जानकारी के अनुसार क्वारंटाइन किए गए स्टाफ का नमूना नियमानुसार संक्रमण पांचवें दिन यानि की 27 मई को लिया जाएगा। महिला के साथ भर्ती मरीजों को भी स्वस्थ होने के बाद पांच दिन तक अतिरिक्त रोका जाएगा। अगर किसी में लक्षण विकसित होते हैं तो उनकी जांच कराई जाएगी। लोकबंधु व सिविल अस्पताल के निदेशक डॉ। डीएस नेगी ने बताया कि महिला के संपर्क में जितने भी डॉक्टर, नर्स व स्टाफ आए थे, उन सभी को क्वारंटाइन करवा दिया गया है।
सब्जी की दुकान से महिला हुई संक्रमित
नरही की महिला पास में ही एक दुकान पर सब्जी लिया करती थी। महिला से पूछताछ के बात यह बात सामने आई। ऐसे में आशंका है कि सब्जी कैसर बाग से आती है। इसलिए संक्रमण का कैसर बाग कनेक्शन हो सकता है। महिला के बेटे एसी रिपेयर का काम करते हैं। उनसे भी आने-जाने की जानकारी ली जा रही है।
हालांकि महिला सब्जी की दुकान के अलावा कहीं अन्य जगह नहीं जाती थी। इसी दुकान पर केजीएमयू की संक्रमित नर्स भी सब्जी लिया करती थी। यह कनेक्शन भी हो सकता है। इसलिए सब्जी विक्रेता व उसके घर वालों के नमूनों की भी कोरोना जांच कराई जाएगी।
बता दे, पिछले 24 घंटे में उत्तर प्रदेश में 288 नए कोरोना संक्रमित सामने आए हैं। शुक्रवार की तरह शनिवार को भी जौनपुर में सबसे ज्यादा 32 कोरोना संक्रमित मरीज पाए गए। शनिवार को हुई तीन मौतों में फिरोजाबाद, अलीगढ़ और बुलंदशहर में एक-एक मौत हुई। इस तरह प्रदेश में अब तक 155 कोरोना मरीजों की मौत हो चुकी हैं। शनिवार को 82 मरीज ठीक होकर घर चले गए। अब तक 3406 मरीज डिस्चार्ज हो चुके हैं।
योगी को बम से उड़ाने की धमकी देने वाला गिरफ्तार
वहीं, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले शख्स को पुलिस ने मुंबई के चुना भट्टी इलाके से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की तलाश में एसटीएफ की एक टीम ने महाराष्ट्र में डेरा डाला था। आरोपित को यूपी एसटीएफ ने मुंबई पुलिस की मदद से दूसरे दिन ही धर दबोचा। पकड़ा गया आरोपित कामरान अमीन पुत्र स्व अमीन चुन्नू खान है।
धमकी भरा संदेश यूपी 112 के हेल्पडेस्क के जिस व्हाट्सएप नंबर से आया था, वह (8828453350) महाराष्ट्र का है। उसने मैसेज में सीएम योगी को संप्रदाय विशेष का दुश्मन भी बताया था। एसटीएफ के एएसपी विशाल विक्रम सिंह ने बताया कि आरोपी को 24 मई तक ट्रांजिट रिमांड पर लेकर यूपी एसटीएफ की टीम लखनऊ के लिए रवाना हो गई है। इस साजिस में किसी संगठन का हाथ है कि नहीं उससे पूछताछ के बाद ही पता चल सकेगा।














